जयपुर

खत्म हुआ विद्यार्थियों के दो वर्ष का इंतजार, राजस्थान विश्वविद्यालय में M.phil – Ph.D. के लिए आवेदन कल से

राजस्थान विवि. M.Phil व Ph.D. में प्रवेश के लिए होने वाले टेस्ट एमपेट परीक्षा करवा रहा है, जिसमें 51 विषयों में शोध के लिए प्रवेश प्रकिया शुरू होगी।

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Dec 19, 2017

जयपुर। राजस्थान विश्वविद्यालय में एमफिल व पीएचडी में प्रवेश के लिए आवेदन प्रकिया कल से शुरू हो जाएगी। प्रवेश के लिए होने वाले टेस्ट एमपेट के लिए ऑनलाइन आवेदन बुधवार से किए जा सकेंगे। जो तीन जनवरी 2018 तक होंगे। इसके लिए विश्वविद्यालय ने नोटिफिकेशन जारी किया हैं। गौरतलब है कि करीब दो साल बाद विश्वविद्यालय यह एमपैट परीक्षा करवा रहा है। जिसमें 51 विषयों में शोध के लिए यह प्रवेश प्रकिया शुरू होगी। एमपेट कन्वीनर प्रोफेसर दीपक भटनागर ने बताया कि सभी विभागों से सीटों का विवरण लेकर प्रकिया शुरू कर दी गई हैं। प्रवेश एंट्रेस टेस्ट के आधार पर ही होंगे। जिसमें एंट्रेस टेस्ट एमपेट की मेरिट के आधार पर सीट पर प्रवेश हो सकेंगे।

आधे विषयों में नहीं एक भी सीट -

करीब दो साल शुरू हो रही एमपेट की प्रकिया में करीब आधे विषयों में एक भी शोध के लिए सीट नहीं है। दरअसल राजस्थान विश्वविद्यालय में घटती शिक्षकों की संख्या के कारण 23 विषयों में पीएचडी के लिए एक भी सीट नहीं है। इसका मतलब जिन विषयों में सीट नहीं है वहां से विद्यार्थी शोध नहीं कर सकेंगे। इसके साथ ही 28 विषय ही एेसे है जिनमें विद्यार्थी पीएचडी कर सकेंगे। इसके साथ ही इनमें से तीन विषय एेसे है जहां एक एक ही सीट हैं। शोध के लिए सबसे ज्यादा 50 सीट लॉ में हैं। वहीं 47 सीट बॉटनी में हैं। इसके अलावा 31 सीट केमेस्ट्री, 43 सीट फिलॉस्पी और 30 सीट जुलॉजी में हैं।

आपको बता दें कि राजस्थान विश्वविद्यालय में एमफिल - पीएचडी में आवेदन के लिए छात्र करीब दो साल से इंतजार कर रहे है। अब एमपेट के दूसरे चरण के लिए विद्यार्थी कल से आवेदन कर सकेंगे। गौरतलब है कि पीएचडी में प्रवेश के लिए एमपेट के प्रथम चरण की प्रकिया विश्वविद्यालय ने 24 फरवरी से शुरु की थी जिसमें एमपेट के प्रथम चरण के ऑनलाइल फॉर्म चार मार्च तक भरे जा सकते थे। इस चरण में विश्वविद्यालय के टीचर्स और एमफिल कर चुके विद्यार्थी ही आवेदन कर सकते थे। इसके बाद अगर पीएचडी के लिए सीट खाली रहती है तो सामान्य विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा। हालांकि इस बार एमपेट की प्रकिया देरी से शुरू हुई है जबकि हर वर्ष सितम्बर-अक्टूबर में ही पीएचडी के आवेदन की प्रक्रिया आरंभ हो जाती थी। इस बार 4 माह देरी से यह आवेदन प्रक्रिया शुरू हुई थी।

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Published on:
19 Dec 2017 12:23 pm
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