जयपुर

भीलवाड़ा भट्टी कांड में दोनों दरिंदों को फांसी की सजा, कोर्ट में ही रो पड़े पीड़िता के मां-बाप; बोले- ‘बेटी आपकी… ‘

कोटड़ी कोयला भट्टी प्रकरण में पोक्सो कोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है। कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए दोनों आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई है।

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May 20, 2024

राजस्थान में कोटड़ी क्षेत्र के चर्चित कोयला भट्टी प्रकरण में पोक्सो कोर्ट-2 ने दूनी (देवली) हाल तस्वारिया निवासी कालू पुत्र रंगनाथ कालबेलिया और भाई कानानाथ को फांसी की सजा सुनाई है। कोर्ट ने इस मामले को मामले को रेयर ऑफ़ द रेयर माना है। इससे पहले कोर्ट ने दोनों को इस जघन्य मामले में दोषी करार दिया था।

पीड़िता के मां-बाप कोर्ट में रो पड़े

इससे पहले कोर्ट ने दो सगे भाइयों को साढ़े नौ माह की सुनवाई के बाद दोषी ठहराया था। हत्या, गैंगरेप, साक्ष्य मिटाने, पॉक्सो एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में सजा पर सुनवाई हुई। पॉक्सो कोर्ट संख्या दो के न्यायाधीश अनिल कुमार गुप्ता ने दोनों आरोपी को फांसी की सजा सुनाई है। दरअसल, पीड़िता की मां और पिता कोर्ट रूम में फफक-फफक कर रोने पड़े। उन्होंने जज से कहा यह बेटी आपकी है। आप इनको फांसी की सजा सुनाए।

कोर्ट ने दूनी (देवली) हाल तस्वारिया निवासी कालू पुत्र रंगनाथ कालबेलिया और भाई कानानाथ को जघन्य मामले में दोषसिद्ध करार दिया था। इनके परिवार के सात जनों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। पीड़ित किशोरी के परिजनों फैसले के दौरान कोर्ट में मौजूद रहे। उधर, सात जनों को दोषमुक्त करने के विरुद्ध सरकार उच्च न्यायालय में अपील करेगी।

यह था मामला

2 अगस्त 2023 कोटड़ी क्षेत्र की किशोरी खेत पर बकरियां चराने गई। वहां कालू और उसके भाई काना ने बलात्कार किया। सिर पर लाठी मारी और मुंह दबा दिया। मरा समझ खेत से उठा डेरे में ले आए। अंधेरा होने के बाद कोयला भट्टी में किशोरी को जिंदा जला दिया। मामले में नौ जनों को गिरफ्तार किया। तीन बाल अपचारी निरूद्ध हुए थे। पुलिस ने एक माह में अभियुक्तों के खिलाफ चालान पेश किया था। एफएसएल समेत कई रिपोर्टों को साक्ष्य के रूप में पेश किया गया था।

Updated on:
20 May 2024 01:52 pm
Published on:
20 May 2024 01:41 pm
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