
जयपुर। राजस्थान में आगामी नगर निकाय चुनाव को लेकर हलचल तेज हो गई है। नगरीय निकाय चुनाव की संभावित घोषणा से पहले भाजपा पूरी तरह चुनावी मोड में आ गई है। भाजपा ने 'यूनिटी फॉर्मूला' तैयार कर लिया है। लेकिन, कांग्रेस की स्ट्रैटेजिक कमेटी अभी दिल्ली में अटकी हुई है। प्रदेश कार्यालय में भाजपा की जयपुर संभागीय चुनाव संचालन समिति की बैठक में स्पष्ट संदेश दिया गया कि टिकट किसी एक नेता को मिलेगा, लेकिन चुनाव पूरी पार्टी को मिलकर लड़ना होगा।
टिकट वितरण के दौरान संभावित असंतोष और गुटबाजी की आशंकाओं को देखते हुए बीजेपी संगठन ने पहले ही एकजुटता का संदेश दे दिया है। सूत्रों के अनुसार प्रदेश संगठन महामंत्री अजेय कुमार ने कहा कि व्यक्तिगत दावेदारी से ऊपर उठकर अधिकृत प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करना ही सभी की जिम्मेदारी होगी। प्रदेश महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने भी संबोधन दिया।
बैठक में सोशल मीडिया अभियान को तत्काल गति देने और विशेष रूप से युवा जेन-जी मतदाताओं तक पहुंच बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। पदाधिकारियों ने कहा कि हमें भटकते युवाओं को समझाना है। इसके अलावा जल्द विधानसभा स्तर पर चुनाव कार्यालय शुरू होंगे। चुनाव संचालन समितियां भी गठित की जाएंगी। स्थानीय मुद्दों के फीडबैक से चुनावी रणनीति बनेगी ।
राजस्थान कांग्रेस की चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देने के लिए प्रस्तावित स्ट्रैटेजिक कमेटी को केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी का इंतजार है। प्रदेश नेतृत्व कमेटी के अध्यक्ष और सदस्यों के नाम पहले ही दिल्ली भेज चुका है, लेकिन स्वीकृति नहीं मिलने से समिति का गठन अटका हुआ है। इसका असर प्रदेश स्तर पर चुनावी तैयारियों पर भी दिखाई दे रहा है। यह कमेटी ही आगामी पंचायत-निकाय चुनाव से लेकर वर्ष 2028 के विधानसभा चुनाव तक संगठन और चुनावी रणनीति तैयार करने में प्रदेश संगठन के लिए अहम भूमिका निभाने वाली है। बताया जा रहा है कि इस समिति की जिम्मेदारी पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सी.पी. जोशी को मिल सकती है।
प्रदेश कांग्रेस की प्रदेशव्यापी रणनीति से पहले वरिष्ठ नेताओं ने अपने-अपने गृह जिलों और निर्वाचन क्षेत्रों पर फोकस बढ़ा दिया है। प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा सीकर-लक्ष्मणगढ़, अशोक गहलोत जोधपुर, टीकाराम जूली अलवर और सचिन पायलट टोंक में संगठनात्मक कार्यक्रमों व कार्यकर्ता बैठकों में सक्रिय नजर आ रहे हैं।
आम आदमी पार्टी (आप) राजस्थान में होने वाले आगामी निकाय और पंचायत चुनाव पूरी मजबूती के साथ लड़ेगी। पार्टी की प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष कीर्ति पाठक ने मंगलवार को प्रेसवार्ता में कहा कि निगमों में भ्रष्टाचार मुक्त शासन स्थापित करने के संकल्प के साथ जनता के बीच जाएंगे। वहीं, प्रत्येक वार्ड में स्थानीय समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाएंगे। स्वच्छ छवि और जनता के बीच सक्रिय उम्मीदवारों को चुनाव मैदान में उतारा जाएगा। जयपुर जिला अध्यक्ष अमित दाधीच ने कहा कि जनसमस्याओं के समाधान को लेकर अभियान चलाए जा रहे हैं।