
जयपुर। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने पूरे कार्यकाल के दौरान संस्थागत भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया है। भ्रष्टाचार पर प्रहार करने वाली एसीबी को कमजोर करने का पाप किया है। सरकार ने अपने कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार के आरोप में रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़े गए 600 से अधिक कार्मिकों पर अभियोजन की स्वीकृति ही नहीं दी। सरकार के इस कदम के कारण भ्रष्टाचार के विरोध में संघर्ष कर रही एसीबी के हौंसले पस्त हुए हैं। वर्ष 2019 से लेकर मार्च 2023 तक एसीबी ने राज्य सरकार के पास 2475 प्रकरण अभियोजन स्वीकृति के लिए भेजे थे, जिसमें से सरकार ने सिर्फ 1647 प्रकरणों में ही स्वीकृति दी है। इससे जाहिर होता है कि राज्य सरकार भ्रष्टाचारियों को बचाने का कार्य ही करती रही है । कार्मिक विभाग के पास 5 आरएएस समेत बड़े अधिकारियों के 34 मामलों को मिलाकर 636 मामले अभियोजन की स्वीकृति के लिए लंबित पड़े हैं ।