जयपुर. पर्यटन एवं देवस्थान मंत्री विश्वेन्द्र सिंह ने कहा कि वीर शिरोमणि महाराजा सवाई सूरजमल की एकता, समरसता, वीरता, धर्मनिरपेक्षता, पारदर्शिता, दूरदर्शिता के सिद्धांतों पर चलकर हम समाज में बदलाव ला सकते हैं।
जयपुर. पर्यटन एवं देवस्थान मंत्री विश्वेन्द्र सिंह ने कहा कि वीर शिरोमणि महाराजा सवाई सूरजमल की एकता, समरसता, वीरता, धर्मनिरपेक्षता, पारदर्शिता, दूरदर्शिता के सिद्धांतों पर चलकर हम समाज में बदलाव ला सकते हैं।
सिंह गुरूवार को भरतपुर में वीर शिरोमणि महाराजा सवाई सूरजमल की 314वीं जयंती के उपलक्ष्य में राजस्थान बृज भाषा अकादमी एवं श्री हिन्दी पुस्तकालय समिति डीग के संयुक्त तत्वावधान में अखिल भारतीय बृज भाषा कवि सम्मेलन को समिति के अरूण सभागार में मुख्य अतिथि के रूप में सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बृज भाषा हमारे क्षेत्र की आम बोलचाल की भाषा रही है। इसके संरक्षण एवं विकास के लिए वे भरसक प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि डीग क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए वे हमेशा तत्पर रहते हैं। उन्होंने डीग कस्बे की पेयजल की समस्या के समाधान के लिए अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे शीघ्र ही पेयजल समस्या का समाधान करें साथ ही विभागीय स्तर पर आने वाली समस्याओं के कारण होने वाले व्यवधानों के सम्बंध में समाचार पत्रों के माध्यम से आमजन को जानकारी दें। उन्होंने आमजन से कहा कि वह भी विभाग की मजबूरियों को समझें तथा तकनीकि रूकावटों के कारण आने वाले व्यवधानों के कारण होने वाली परेशानियों से बचने के लिए सहयोग करें। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही डीग क्षेत्र में सड़कों के निर्माण होने से यातायात की समस्या का समाधान सम्भव हो सकेगा। उन्होंने कहा कि चम्बल पेयजल परियोजना से डीग कस्बे को शुद्ध मीठा एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्घ होना शुरू हो गया है शीघ्र ही ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को भी चम्बल पेयजल उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने कहा कि चम्बल पेयजल योजना के माध्यम से जल महल के लिए भी जल उपलब्ध कराने का प्रयास करेंगे जिससे होली के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में रंगीन फव्वारों की छटा आमजन को देखने को मिल सके। कार्यक्रम की अध्यक्षता ल्यूपिन के अधिशाशी अधिकारी सीताराम गुप्ता एवं विशिष्ट अतिथि राजस्थान बृज भाषा अकादमी के पूर्व अध्यक्ष हीरालाल सरोज एवं सेनि. कर्नल हरी सिंह रहे।
इस अवसर पर बलदेव के कवि डॉ. राधागोविन्द पाठक, छाता के कवि श्यामसुन्दर अकिंचन, सबलगढ मुरैना के कवि राजवीर भारती, कैथवाडा के कवि नानक चंद नवीन, भरतपुर के कवि हरि ओम हरि, डीग के कवि गोविन्द गग्गा, कवि मनोज मनु, कवित्रि सुश्री कीर्ति सोनी, कुमारी सौम्या खण्डेलवाल एवं अऊ के सुरेन्द्र सार्थक ने अपनी कविताओं के माध्यम से वर्तमान तकनीक पर प्रहार करते हुए उसके दुष्परिणामों के प्रति आमजन को जागरूक करने का प्रयास किया।
इस अवसर पर तहसीलदार डीग सोहन सिंह नरूका, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिशाषी अभियंता एमएल सैनी सहित बृज भाषा अकादमी एवं श्री हिन्दी पुस्तकालय समिति के पदाधिकारी एवं सदस्य तथा गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
इसके पश्चात देवस्थान एवं पर्यटन मंत्री ने भरतपुर किला स्थित किशोरी महल परिसर में महाराजा सूरजमल स्मारक पहुंचकर श्रद्धावतन होकर श्रद्धांजलि एवं पुष्पांजलि अर्पित की तथा किशारी महल स्थित आर्ट गैलरी का भी निहारा तथा जिला कलक्टर नथमल डिडेल को ऎतिहासिक महल के बारे में जानकारी दी तथा जिला कलक्टर ने भी महाराजा सूरजमल के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित की। सिंह ने पुरातत्व विभाग के अधिकारियों को गैलरी के शीशों की सफाई करने एवं लकड़ी पर रंगरोगन कर आकर्षक रूप देने के निर्देश दिये।
इस अवसर पर बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष गंगाराम पाराशर, उपनिदेशक पर्यटन अनिल राठौड एवं सहायक पर्यटन अधिकारी माथुर आदि मौजूद रहे।