17 संविदा कार्मिकों को पुलिस ने सीआरपीसी 151 की धारा में गिरफ्तार किया
रैली के दौरान पुलिस और संविदा नर्सेजकर्मियों में हुई झड़प के मामले में 17 नर्सेज को पुलिस ने शांतिभंग के मामले में गिरफ्तार किया हैं। सोमवार को प्रदेश भर के सैकड़ो संविदा नर्सेज कर्मचारियों ने राजधानी जयपुर कूच में किया।
इस दौरान नर्सेज ने टोंक रोड स्थित नेहरू गार्डन से रैली निकाली तो पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। जिसके बाद संविदा नर्सेज कर्मचारियों और पुलिस में झड़प हो गई।
मामले में रात को आंदोलन कर रहे 17 संविदा कार्मिकों को पुलिस ने सीआरपीसी 151 की धारा में गिरफ्तार कर लिया।
संविदा नर्सिंगकर्मियों पर हुई लाठीचार्ज की घटना का नर्सेज संगठनों ने विरोध किया है।
राजस्थान नर्सेज़ संघर्ष समिति के प्रदेश संयोजक मनोज दुब्बी ने बताया कि चिकित्सा मंत्री से संतोषजनक जवाब नहीं मिलने के कारण नर्सेज सिविल लाइन्स मुख्यमंत्री से मिलने की लिए शांतिपूर्ण तरीके से जा रहे थे। लेकिन पुलिस प्रशासन की ओर से मरीजों की दिन रात सेवा करने वाले इन नर्सेज पर इस तरह से लाठियां बरसाने की घटना का सभी नर्सेज संगठन विरोध करते हैं।
हमारी मांग है कि गिरफ्तार कार्मिकों को तुरंत रिहा कर उन पर लगाया गया मुकदमा वापस लिया जाए और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाए। वहीं नर्सिंग ऑफ़िसर भर्ती में 1289 की जगह 3940 और मेडिकल शिक्षा के 2001 पदों को जोड़कर 7 हजार पदों पर भर्ती की जानी चाहिए।
आपको बता दें कि राज्य सरकार की संविदा नीति को लेकर बेरोजगारों ने विरोध तेज कर दिया है। संविदाकर्मियों को नियमित करने के मुद्दें को लेकर संविदा कर्मचारी सरकार से नियमित करने की मांग कर रहे हैं।