
जयपुर। मनोहरपुर-दौसा हाईवे स्थित नेकावाला टोल प्लाजा पर जमवारामगढ़ विधायक महेंद्रपाल मीणा और टोलकर्मियों के बीच पहचान पत्र (आइकार्ड) मांगने को लेकर विवाद हो गया। विधायक की शिकायत पर रायसर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और संबंधित टोलकर्मी तथा टोल मैनेजर को थाने ले गई। बाद में पुलिस ने टोल मैनेजर को समझाकर देकर छोड़ दिया, जबकि टोलकर्मी गुलशन निवासी उत्तर प्रदेश को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी के अनुसार विधायक महेंद्रपाल मीणा रविवार दोपहर अपने वाहन से नेकावाला टोल प्लाजा से गुजर रहे थे। इस दौरान ड्यूटी पर तैनात टोलकर्मी ने उन्हें नहीं पहचानने पर परिचय पत्र दिखाने का आग्रह किया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच जमकर विवाद हो गया। शिकायत मिलने पर रायसर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और टोल मैनेजर कुंभाराम चौधरी तथा संबंधित कर्मचारी को पूछताछ के लिए थाने ले गई।
रायसर थानाप्रभारी राजपाल सिंह ने बताया कि विधायक की शिकायत के बाद आवश्यक कार्रवाई की गई। टोल मैनेजर को समझाइश देकर पाबंद किया गया, जबकि टोलकर्मी गुलशन के खिलाफ शांतिभंग की कार्रवाई की गई।
नेकावाला टोल प्लाजा के महाप्रबंधक बीरभान ने बताया कि कर्मचारी ने केवल पहचान सुनिश्चित करने के लिए आईकार्ड मांगा था। उनका कहना है कि एनएचएआई के दिशा-निर्देशों के अनुसार टोल शुल्क में छूट का दावा करने वाले जनप्रतिनिधियों अथवा अन्य पात्र व्यक्तियों से आवश्यकता पड़ने पर परिचय पत्र मांगना नियमों के अनुरूप है। उन्होंने कहा कि कई बार वाहनों पर 'विधायक' लिखकर फर्जी तरीके से टोल छूट लेने के प्रयास भी सामने आते हैं। ऐसे में पहचान की पुष्टि करना आवश्यक हो जाता है।
मनोहरपुर-दौसा हाईवे स्थित नेकावाला टोल प्लाजा पर साल 2022 में भी ऐसा ही मामला सामने आया था। जब जयपुर जाते समय अलवर शहर विधायक संजय शर्मा और टोलकर्मियों के बीच कहासुनी हो गई थी। टोलकर्मी ने विधायक के ड्राइवर से विधायक का पहचान पत्र मांग तो विधायक ने अपना परिचय देते हुए आई कार्ड दिखा दिया था। इसके बाद विधायक के ड्राइवर ने टोल मैनेजर को बुलाने की बात कही थी। मामला बढ़ता देख मौके पर अन्य टोलकर्मी भी आ गए थे। इसी दौरान विधायक के ड्राइवर ने फास्टैग बना रहे युवक को थप्पड़ जड़ दिया था। हालांकि, मौके पर मौजूद लोगों ने मामला शांत करवा दिया था। इस मामले में डीजी व एसपी जयपुर ग्रामीण से शिकायत के बाद पुलिस ने तीन टोलकर्मियों को हिरासत में लिया था।