ओसियां से पूर्व विधायक दिव्या मदेरणा अंग्रेजी के साथ-साथ हिंदी भाषा का भी ज़िक्र करतीं हैं। वो कहती हैं, 'साहित्य की क्लिष्ट हिंदी विधानसभा में बोलने के लिए रखी हुई है।
राजस्थान कांग्रेस की वरिष्ठ नेत्री व पूर्व एमएलए दिव्या मदेरणा का कहना है कि उन्होंने अंग्रेजी भाषा अफसरों को रात-दिन डांटने के लिए सीखी है। उनका मानना है कि ऐसी भाषा से कलक्टर से लेकर चीफ इंजीनियर तक रौब से बात की जा सकती है। दिलचस्प बात ये है कि अपनी भाषा ज्ञान का बोध कराते भाषण के एक हिस्से का वीडियो खुद दिव्या मदेरणा ने ही अपने सोशल मीडिया पोस्ट पर शेयर किया है।
1 मिनट 47 सेकण्ड का ये वीडियो एक सार्वजनिक सभा का है, जिसमें दिव्या मदेरणा मंच से संबोधित करते हुए वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव का एक किस्सा सुनाती दिख रहीं हैं। वे कहती हैं, 'मेरे सामने जो भाजपा प्रत्याशी थे उनके पास एक ही मुद्दा था कि दिव्या मदेरणा इंग्लिश बोलती है। वो इंग्लिश बोलती है, जो लोगों को समझ नहीं आता है। वो मारवाड़ी बोलती है वो भी समझ नहीं आता है। इस वजह से ओसियां में कोई काम नहीं हो सकता, इसलिए आप वोट हमें ही दो।'
दिव्या आगे बताती हैं, 'भाजपा के लोगों को उस वक्त तो जवाब दिया नहीं, मैंने कहा कहने दो, मैं तो मेरी अपनी स्ट्रेटेजी से ही चुनाव लड़ूंगी। इसके बाद मैं चुनाव जीत गई।'
भाषण के एक हिस्से में दिव्या मदेरणा कहती हैं, 'अंग्रेजी मैंने रात-दिन अफसरों को डांटने के वास्ते से सीखी है। कलक्टर से बात करती हूँ, 'कलक्टर, व्हाट इज़ दिस? काम हुआ या नहीं हुआ? नहीं तो कराएंगे आकर। चीफ इंजीनियर को एपीओ करा देंगे, ये काम हुआ या नहीं हुआ।'
ओसियां से पूर्व विधायक दिव्या मदेरणा अंग्रेजी के साथ-साथ हिंदी भाषा का भी ज़िक्र करतीं हैं। वो कहती हैं, 'साहित्य की क्लिष्ट हिंदी विधानसभा में बोलने के लिए रखी हुई है। इसके अलावा राजस्थान में कोई दूसरी जगह पब्लिक मीटिंग हो, तो उसके लिए बोलचाल की हिंदी रखी हुई है।'
भाषण के एक हिस्से में दिव्या अपने विरोधियों पर निशाना साधती हैं। वो कहती हैं, 'मैं ओसियां में आकर मारवाड़ी बोलती हूं। जो लोग ये कहते हैं कि मेरी अंग्रेजी समझ नहीं आती उनसे कहती हूं, 'धोरा री फोगाड़िया री धरती के बीच मेरा गाँव चाडी है, क्या वो ब्रिटेन या अमेरिका में आता है?'