जयपुर

‘गोडसे को मानने वाले गांधी के नहीं हो सकते’, गांधी जयंती की छुट्टी रद्द की तो भड़के डोटासरा; BJP को सुनाई खरी-खोटी

Gandhi Jayanti 2024: राजस्थान विश्विद्यालय में गांधी जयंती की छुट्टी रद्द करने पर पीसीसी चीफ गोंविद सिंह डोटासरा ने भाजपा और संघ पर जमकर निशाना साधा।
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Updated: 2 Oct 2024, 3:17 PM IST
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Gandhi Jayanti 2024: राजस्थान विश्विद्यालय में गांधी जयंती की छुट्टी रद्द करने पर पीसीसी चीफ गोंविद सिंह डोटासरा ने भाजपा और संघ पर जमकर निशाना साधा है। गोविंद सिंह डोटासरा ने छुट्टी रद्द करने पर सवाल उठाते हुए कहा कि गोडसे के पदचिह्नों पर चलने वाले क्या कभी गांधी के हो सकते हैं। बता दें एक आदेश जारी कर राजस्थान यूनिवर्सिटी और उससे जुड़े संघटक कॉलेजों में गांधी जयंती की छुट्टी को निरस्त किया गया है।

छुट्टी रद्द करना बापू के प्रति BJP की नफ़रत- डोटासरा

दरअसल, पीसीसी चीफ गोंविद सिंह डोटासरा ने अपने एक्स हैंडल पर लिखते हुए कहा कि, "गोडसे के पदचिन्हों पर चलने वाले क्या कभी गांधी के हो सकते हैं? ये सवाल इसलिए.. क्योंकि गांधी जी के लिए संघ की शाखाओं से निकली नफ़रत किसी न किसी रूप में भाजपा सरकारों के निर्णयों में बाहर आ ही जाती है।"

उन्होंने कहा कि, "पहले गांधी वाटिका का विरोध, फिर गांधी म्यूजियम को जनता के लिए खोलने पर रोक और अब गांधी जयंती पर राजस्थान विश्विद्यालय द्वारा अवकाश निरस्त करना बापू के प्रति भाजपा की नफ़रत एवं अपमान को जगजाहिर कर रहा है। भाजपा का षड्यंत्र कभी कामयाब नहीं होगा, क्योंकि गांधी इस देश के कण-कण में हैं।"

मुख्यमंत्री ने गांधी को इस तरह किया याद

इधर, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने आज शासन सचिवालय में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी तथा पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि इन दोनों महापुरूषों ने देश को एक नई दिशा देने का काम किया। उन्होंने कहा कि गांधी जी के सत्य और अहिंसा के आदर्श ने पूरी दुनिया को नई दिशा दिखाई। उनके द्वारा जो अहिंसा का मार्ग मानव जाति को दिखाया गया, वो आज वैश्विक शांति की स्थापना के लिए अति आवश्यक है।

भजनलाल शर्मा ने कहा कि गांधीजी के सत्य-अहिंसा के आदर्शों का अनुसरण करते हुए देश उनके पदचिन्हों पर चल रहा है। उनके सिद्धांतों तथा विचारों को पूरा विश्व मानता है। देश की आजादी से लेकर आज तक भी उनके सिद्धांत प्रासंगिक हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी ने न्याय, करूणा, प्रेम, सत्य और अहिंसा के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया।

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2 Oct 2024, 3:17 PM IST
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