
जयपुर। परिवहन मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास ने कहा कि पूर्ववर्ती भाजपा सरकार ने राजस्थान रोडवेज के साथ जो पाप किया है, वो कभी नहीं करेंगे।
पिछली सरकार में बंद की गई ग्रामीण बस सेवा को लेकर कहा कि यह सेवा फिर शुरू करेंगे। अभी योजना पर काम हो रहा है। वे राजस्थान रोडवेज की कर्मचारियों यूनियनों के साथ वार्ता के बाद मीडिया से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अभी वित्तीय भार नहीं आने वाली मांगों को पूरा किया जा रहा है।
रोडवेज के बेड़े में बसों में भी वृद्धि होगी। उन्होंने बताया कि मॉडल्स पर विचार किया जा रहा है, जिसमें सरकारी के धन के बजाय निजी कम्पनियां आगे आएं। परिवहन आयुक्त राजेश यादव समेत अधिकारी और यूनियन पदाधिकारी मौजूद थे। इससे पहले परिवहन मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास ने कहा था कि पूर्ववर्ती भाजपा सरकार ने 5 साल में रोडवेज में नया कुछ किया नहीं, घाटा 3160 करोड़ बढ़ा दिया। लोहा, टायर और पहियों की रिम तक खा गए। इसकी जांच होगी। घाटे से रोडवेज को उबारने के लिए अधिकारी-कर्मचारियों की ज्वाइंट कमेटी बनाई जा रही है।
उन्होंने कहा था कि रोडवेज को लेकर मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री और पूरी सरकार चिंतित है। यह मुद्दा जनघोषणा पत्र में भी शामिल किया गया है। 1133 परमिट लोक परिवहन सेवा के जारी कर दिए। इसमें करोड़ों का घोटाला हुआ है। इसी वजह से नए परमिट जारी करने पर रोक लगाई गई है। उन्होंने कहा था कि सरकार रोडवेज कर्मचारियों कर्मचारियों को बकाया पेंशन परिलाभों के भुगतान समेत उनकी विभिन्न मांगों के लिए संवेदनशील है। वित्त विभाग के साथ बैठक कर इसका रास्ता निकाला जाएगा। विभाग में पिछले छह माह के निर्णयों की समीक्षा की जा रही है। भ्रष्टाचार के कारणों की जांच भी होगी क्योंकि पिछले पांच साल में ऐसा क्या हुआ कि न तो बसें बढ़ीं, न कर्मचारियों को पेंशन मिली, न नए रूट खुले।