जयपुर

कांग्रेस के इस नेता को कहा, आप तो नागरिक ही नहीं हो!

शिक्षा विभाग का कारनामा
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Oct 21, 2019
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जयपुर. शिक्षा विभाग ने पूर्व मंत्री व कांग्रेस के प्रदेश महामंत्री ललित भाटी को नागरिक नहीं होने का हवाला देते हुए सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत सूचना देने से इनकार कर दिया। इस पर राजस्थान सूचना आयोग ने शिक्षा विभाग को फटकार लगाते हुए उन्हें नि:शुल्क सूचना देने का आदेश दिया है।
भाटी की द्वितीय अपील पर सूचना आयुक्त आशुतोष शर्मा ने शिक्षा विभाग के रवैये पर अफसोस जताया। आयोग ने जिला शिक्षा अधिकारी को फटकार लगाते हुए कहा कि भाटी ने व्यक्तिगत तौर पर ही नागरिक के रूप में सूचना मांगी है। आरटीआइ आवेदन में नाम के साथ पूर्व मंत्री परिचय लिख देने से सूचना पाने का व्यक्तिगत अधिकार समाप्त नहीं हो जाता। नागरिकों को तकनीकी बिन्दुओं में उलझाकर सूचना देने से इन्कार करना कानून की भावना के अनुरूप नहीं है। आरटीआइ कानून शासन-प्रशासन में पारदर्शिता लाने एवं नागरिकों के लिए अधिकारिक सूचना सार्वजनिक करने का अस्त्र है।

यह मांगी है सूचना
भाटी ने जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक शिक्षा) अजमेर से निजी विद्यालयों के निरीक्षण के बारे में सूचनाएं मांगी हैं। विभाग ने सूचना का अधिकार कानून की धारा 3 के आरटीआइ आवेदन को खारिज कर दिया। विभाग ने कहा कि सूचना केवल नागरिक को ही मिल सकती है जबकि भाटी ने अपने नाम के साथ पूर्व मंत्री व प्रदेश कांग्रेस महामंत्री पद का उल्लेख किया है। उन्हें सूचना नहीं दी जा सकती।

Published on:
21 Oct 2019 06:00 am