IMD Weather Forecast: प्रदेश मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। दूसरे चरण में मानसून फिर सक्रिय हो गया है। पिछले 24 घंटों में कई इलाकों में भारी से मध्यम बारिश हुई है।
IMD Weather Forecast: प्रदेश मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। दूसरे चरण में मानसून फिर सक्रिय हो गया है। पिछले 24 घंटों में कई इलाकों में भारी से मध्यम बारिश हुई है। वहीं अब मौसम विभाग ने प्रदेश के 16 जिलों के लिए अगले 3 घंटे में जोरदार बारिश का अलर्ट दिया है।
16 जिलों में येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने अभी- अभी येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के मुताबिक चुरू, झुंझुनू, सीकर, हनुमानगढ़, बीकानेर, नागौर, भीलवाड़ा, कोटा, बाराँ, झालवाड़, चित्तोडगढ़, अलवर, जयपुर, सवाईमाधोपुर, करौली, धोलपुर जिलों में मेघगर्जन, आकाशीय बिजली के साथ हल्की से माध्यम बारिश की संभावना है।इन जिलों के आसपास के इलाकों में कहीं-कहीं मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश और कुछ स्थानों पर एक-दो बार भारी बारिश होने की भी संभावना है। तेज हवाओं के कारण कमजोर कच्चे मकानों की दीवारें गिर सकती हैं। साथ ही बिजली लाइनों, पेड़ों आदि को भी नुकसान पहुंच सकता है । कुछ जगहों पर जल भराव भी हो सकता है।
मौसम विभाग ने अगले 3-4 दिनों में पूर्वी राजस्थान के जिलों में भारी बारिश की आशंका जताई है। अगले तीन से चार दिनों तक प्रदेश के पूर्वी इलाकों में मानसून की सक्रियता ज्यादा रहने वाला है। हालांकि पश्चिमी राजस्थान में मानसून फिर से सक्रिय है लेकिन यहां हल्की से मध्यम बारिश की उम्मीद है। मानसून इस बार उत्तर पश्चिम क्षेत्र में जमकर उत्पात मचाएगा। मौसम विज्ञान केंद्र ने अगले दो-तीन दिन में पूर्वी राजस्थान के एक-दो इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
18 और 19 जुलाई को होगी तेज बारिश
मौसम केंद्र जयपुर की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार प्रदेश में एक सप्ताह मानसून सक्रिय फेज में रहेगा। ज्यादातर जिलों में तेज बरसात के आसार है। 18 और 19 जुलाई को जयपुर, अजमेर, कोटा, उदयपुर और भरतपुर संभाग के जिलों में तेज बरसात हो सकती है।
मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कमजोर संरचनाएं,कच्चे घरों, दीवारों, हल्की व ढीली बंधी वस्तुएं, बिजली की लाइनों, पेड़ो आदि को नुकसान हो सकता हैं। कहीं-कहीं पर पर जल भराव हो सकता है। मेघगर्जन के समय सुरक्षित स्थान पर शरण लेवे, पेड़ों के नीचे शरण ना लें। इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्लग निकाल दें। जल भराव स्थान से दूर रहें। मौसम सामान्य होने की प्रतीक्षा करें।