जयपुर

जयपुर में मेधावी छात्राओं का प्रतिभा विकास शिविर, CM भजनलाल शर्मा बोले- बालिका शिक्षा पर सरकार का विशेष जोर

राजधानी जयपुर में मेधावी छात्राओं के प्रतिभा विकास शिविर समारोह में सीएम भजनलाल शर्मा ने बालिका शिक्षा पर जोर दिया। सरकार की शैक्षणिक योजनाएं भी गिनाईं।
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Updated: 3 Nov 2026, 6:43 PM IST
cm bhajanlal sharma
सीएम भजनलाल शर्मा संग मौजूद छात्राएं (पत्रिका फोटो)

Meritorious Girls Talent Development Camp Ceremony Jaipur: जयपुर के मानसरोवर स्थित आदर्श विद्या मंदिर, किरण पथ में मेधावी छात्राओं का प्रतिभा विकास शिविर समारोह आयोजित हुआ। समारोह में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा शामिल हुए और छात्राओं को संबोधित किया।

उन्होंने नचिकेता गुरुकुल एवं जिन कुशल ट्रस्ट का आभार जताते हुए कहा कि नचिकेता ग्रुप बालिका शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' का नारा दिया। राज्य सरकार छात्र-छात्राओं के कपड़ों और पुस्तकों के लिए राशि सीधे माता-पिता के बैंक खातों में भेज रही है। साथ ही डिजिटल लाइब्रेरी, निशुल्क पाठ्यपुस्तकें, साइकिल और टैबलेट जैसी सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।

'होटल पॉलिटिक्स और कुर्सी की लड़ाई में उलझी रही कांग्रेस सरकार'

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा की बातें करने वाली कांग्रेस का इतिहास लोकतांत्रिक संस्थाओं, संवैधानिक मूल्यों और नागरिक अधिकारों के दमन से भरा हुआ है। जिस कांग्रेस ने साल 1975 में देश पर आपातकाल थोपकर विपक्षी नेताओं को जेल में डाला, प्रेस की स्वतंत्रता पर प्रतिबंध लगाया और नागरिकों के मौलिक अधिकारों को कुचला, वही आज लोकतंत्र की सबसे बड़ी रक्षक बनने का दिखावा कर रही है। कांग्रेस सरकारों द्वारा संविधान के अनुच्छेद 356 के दुरुपयोग और विपक्षी दलों की राज्य सरकारों को बर्खास्त किए जाने का इतिहास भी देश के सामने है।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मंगलवार को जोधपुर में भाजपा की लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ पदयात्रा और रैली को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा की यह रैली संवैधानिक संस्थाओं के सम्मान, जनादेश की प्रतिष्ठा और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प है। लोकतंत्र में जनता का जनादेश सर्वोपरि है, लेकिन कांग्रेस चुनाव में हारने पर कभी ईवीएम, कभी निर्वाचन आयोग और कभी न्यायपालिका पर सवाल उठाकर संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर प्रहार करती है। लोकतंत्र में असहमति, सवाल और विरोध का अधिकार सभी को है, लेकिन बिना प्रमाण संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करना और उनके अधिकारियों को राजनीतिक धमकियां देना लोकतांत्रिक मर्यादाओं के अनुरूप नहीं है।

उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री और भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के साल 1997 के ऐतिहासिक वक्तव्य का स्मरण करते हुए कहा कि जब उनकी सरकार मात्र एक वोट से गिर गई थी, तब वाजपेयी जी ने कहा था कि एक दिन ऐसा आएगा, जब पूरे भारत में भाजपा की सरकार होगी और कांग्रेस पर देश हंसेगा। अटल जी का वह विश्वास आज देश की राजनीति में भाजपा के बढ़ते जनाधार के रूप में दिखाई देता है।

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर परिवारवाद, भ्रष्टाचार और तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस के नेताओं का जनता से कोई जुड़ाव नहीं है। वे जनता के बीच जाने और उनकी समस्याओं का समाधान करने के बजाय सत्ता हासिल करने के लिए राजनीतिक हथकंडे अपनाते हैं। कांग्रेस में कार्यकर्ताओं की मेहनत से अधिक परिवारवाद को महत्व दिया जाता है, जबकि राजनीति में परिवारवाद नहीं, बल्कि जनता का विश्वास और सेवा ही सबसे अहम है।

घुसपैठियों को कांग्रेस का संरक्षण

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प सेवा करना है। जब तक हर गरीब को पक्का मकान नहीं मिलता, देश से गरीबी नहीं हटती, भारत आत्मनिर्भर नहीं बनता और परिवारवाद समाप्त नहीं होता, तब तक मोदी जी कहीं नहीं जाएंगे। आज भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। 50 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आ चुके हैं। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश की सुरक्षा और संप्रभुता अक्षुण्ण है, जबकि कांग्रेस घुसपैठियों की पैरवी करती है और उन्हें संरक्षण देती है।

गहलोत शासन में रहा राजनीतिक अस्थिरता और सत्ता संघर्ष का दौर

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए कहा कि राजस्थान की जनता ने कांग्रेस के शासनकाल में राजनीतिक अस्थिरता और सत्ता संघर्ष का दौर देखा है। गहलोत सरकार जनता की समस्याओं का समाधान करने के बजाय होटलों तक सीमित रही। पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने उपमुख्यमंत्री के लिए क्या-क्या नहीं कहा। उन्होंने कांग्रेस में कुर्सी के लिए संघर्ष की ओर इशारा करते हुए कहा कि हाल ही में हुई कांग्रेस की रैली में राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा भाषण दे रहे थे, लेकिन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को मंच पर भी जगह नहीं मिली। यह तो गहलोत के कर्मों का फल है। उन्होंने कहा कि वे किसान के बेटे हैं और किसानों के हितों के लिए कार्य कर रहे हैं, जबकि जादूगर गहलोत ने तो किसानों को लूटने का काम किया है।

मुख्यमंत्री ने गहलोत के कार्यकाल में आरपीएससी की नियुक्तियों, पेपर लीक प्रकरणों और भ्रष्टाचार को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि जल जीवन मिशन घोटाले में उनकी सरकार के मंत्री और अधिकारी जेल गए। गहलोत ने जनता के हितों के बजाय रिश्तेदारों और परिवार से जुड़े लोगों को लाभ पहुंचाया। उनके पीएसओ पेपर लीक में गिरफ्तार हुए। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार करने वाला कोई भी व्यक्ति कितना ही प्रभावशाली क्यों न हो, उसे जवाबदेह होना पड़ेगा। हमारी सरकार में भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति है। गलती करने वाला व्यक्ति किसी भी पद पर हो, उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने हाल ही में संपन्न निकाय चुनावों का उल्लेख करते हुए कहा कि राजस्थान की जनता ने भाजपा को अपना समर्थन देकर विकास और सुशासन के प्रति विश्वास व्यक्त किया है। पंचायत चुनावों में भी भाजपा कार्यकर्ता पूरी प्रतिबद्धता के साथ जनता के बीच जाकर सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को पहुंचा रहे हैं। आज राजस्थान विभिन्न क्षेत्रों में लगभग 30 योजनाओं के क्रियान्वयन में देश में पहले, दूसरे और तीसरे स्थान पर अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। यह प्रदेश में योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग और केंद्र तथा राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों का परिणाम है।

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3 Nov 2026, 6:43 PM IST
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