
जयपुर। आज राजधानी में सिर्फ मतों की गिनती नहीं होगी, सियासी कद की भी तस्वीर साफ होगी। शहर 6 हॉट वार्डों 43, 53, 76, 110, 112 और 135 के नतीजे कई चेहरों की राजनीतिक जमीन मजबूत या कमजोर करेंगे। पूर्व महापौर से लेकर पूर्व उपमहापौर और संगठन के बड़े चेहरों तक की प्रतिष्ठा दांव पर है। आज साफ हो जाएगा 76 के बहुमत की दौड़ में कौन आगे रहेगा और जयपुर महापौर के लिए पहली सीढ़ी कौन पार करेगा।
भाजपाः सुनील कोठारी
कांग्रेसः आशीष शर्मा
आपः रमेश
निर्दलीयः मोहम्मद तौहीद
भाजपा ने निवर्तमान महापौर कुसुम यादव को टिकट नहीं देकर पार्टी के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष व शहर अध्यक्ष रह चुके सुनील कोठारी को मैदान में उतारा। कोठारी जीते तो पार्टी के भीतर उन्हें महापौर पद के संभावित चेहरों में भी देखा जा रहा है।
भाजपाः शैलेन्द्र भार्गव
कांग्रेसः आशीष शर्मा
सांगानेर क्षेत्र के इस वार्ड से भाजपा ने पूर्व जिला अध्यक्ष शैलेन्द्र भार्गव को मैदान में उतारा है। कांग्रेस की ओर से आशीष शर्मा मुकाबले में हैं। वार्ड में 13,624 मतदाता हैं। यहां मतदान सिर्फ 53.65 प्रतिशत रहा। यहां कम मतदान ने दोनों खेमों का गणित उलझाया है। नतीजा बताएगा शैलेन्द्र भार्गव का संगठन और व्यक्तिगत प्रभाव चला या कांग्रेस ने कम मतदान में सेंध लगा दी।
भाजपाः सतीश कुमार शर्मा
कांग्रेसः राजीव चौधरी
यहां भाजपा और कांग्रेस के बीच सीधा मुकाबला है। भाजपा ने सतीश कुमार शर्मा को उतारा है, जबकि कांग्रेस के नेता प्रतिपक्ष
राजीव चौधरी मैदान में हैं। यहां 14169 मतदाता हैं। यहां 56.56 फीसदी मतदान हुआ है। यहां मुकाबले में निर्दलीय उम्मीदवार नहीं है। ऐसे में पार्टी के पारंपरिक वोट, प्रत्याशी की व्यक्तिगत पकड़ सीधे नतीजे पर असर डालेंगे।
भाजपाः पुनीत कर्णावट
कांग्रेसः प्रदीप जैन
यह वार्ड भाजपा के अंदर टिकट विवाद के कारण चर्चा में आ गया था। पार्टी ने पूर्व उपमहापौर पुनीत कर्णावट को प्रत्याशी बनाया, लेकिन आखिरी समय में भाजपा के सिंबल को लेकर विवाद खड़ा हो गया। मालवीय नगर विधायक कालीचरण सराफ की ओर से दूसरे दावेदार कुलदीप मिश्रा को सिंबल दिए जाने की खबर के बाद अंततः अधिकृत प्रत्याशी पुनीत कर्णावट ही रहे। कांग्रेस के प्रदीप जैन से सीधा मुकाबला हुआ है। दोनों प्रत्याशी जैन होने से मुकाबला करीबी रह सकता है। वार्ड में 13729 मतदाता है। यहां सिर्फ 54.85 प्रतिशत मतदान हुआ है।
भाजपाः ज्योति खंडेलवाल
कांग्रेसः सुनीता मेठी
निर्दलीयः बीना मेठी, सोना जैन
इस चुनाव की सबसे चर्चित सीटों में है। भाजपा ने यहां पूर्व महापौर ज योति खंडेलवाल तो कांग्रेस ने सुनीता मेठी को चुनाव मैदान में उतारा है। दो निर्दलीय प्रत्याशी भी मुकाबले में हैं। यानी मुकाबला सीधा दिखने के बावजूद वोटों के बंटवारे की भूमिका अहम हो सकती है। वार्ड में 12,166 मतदाता हैं। यहां 64.49 प्रतिशत मतदान हुआ।
150 वार्डों में बहुमत का आंकड़ा 76 है। इसलिए हर नतीजे के साथ राजनीतिक दल यह जोड़ेंगे कि उनके खाते में कितने वार्ड आए और बहुमत से वे कितने दूर हैं। अगर किसी दल को स्पष्ट बहुमत मिलता है तो महापौर चुनाव का रास्ता अपेक्षाकृत सीधा होगा। लेकिन आंकड़ा 76 से नीचे रहा तो निर्दलीयों को मनाना भारी काम होगा और इन पार्षदों की भूमिका अचानक बढ़ जाएगी।
76 का आंकड़ा कौन छुएगा?
बड़े चेहरों की साख बचेगी?
महापौर का गणित किस तरफ झुकेगा?
निर्दलीय और बागी कितने निकलेंगे?