जयपुर

व्यंजन द्वादशी पर ठाकुरजी को जिमाए 56 भोग

भगवान के खानापान और पहनावे में हुआ बदलाव

less than 1 minute read
Dec 06, 2022
शहर आराध्य गोविंददेवजी मंदिर में 56 भोग झांकी

जयपुर. शहर के विभिन्न मंंदिरों में सोमवार को व्यंजन द्वादशी उत्सव मनाया। इसके साथ ही भगवान के पहनावे और खानपान में बदलाव भी शुरू हो गया है। गर्म तासीर वाले व्यंजनों का भोग लगाया। शहर आराध्य गोविंददेवजी मंदिर में 56 भोग झांकी सजाई गई। ठाकुरजी ने सिर पर स्वर्णिम पगड़ी धारण की। फूलों और चंदन से शृंगार आकर्षण का केन्द्र रहा। महंत अंजन कुमार गोस्वामी के सान्निध्य में दोपहर को कच्चे भोग में चटनी समेत दो दर्जन से अधिक व्यंजनों का भोग लगाया। चांदी के पात्रों में छप्पन भोग की झांकी सजाई। गर्भगृह में हीटर एवं अंगीठी सेवा भी प्रारंभ की। देवस्थान विभाग की ओर से प्रदेश के पांच मंदिरों में 56 भोग झांकी सजाई।

उधर, सुभाष चौक पानों का दरीबा स्थित सरस निकुंज में महंत अलबेली माधुरी शरण के सान्निध्य में ठाकुरजी को व्यंजनों का भोग लगाया। ठाकुरजी को मूंग, चौंला, चावल, बाजरा, गड्डे की सब्जी, खीर, तिल के व्यंजन, पंच मेवा और ऋतु फलों का भोग लगाया। जगतपुरा कृष्ण बलराम मंदिर में 21 तरह के गर्म तासीर के व्यंजन भगवान को दिनभर में अर्पित किए। सीकर रोड के परसरामनगर स्थित श्रीमन्न नारायण धाम में पं. पुरुषोत्तम भारती के सान्निध्य में तिल के व्यंजनों का भोग लगाया।

Published on:
06 Dec 2022 05:28 pm
Also Read
View All