LPG Transparency: गैस सप्लाई में पारदर्शिता बढ़ाने की पहल, फर्जी बुकिंग पर लगेगा ब्रेक। सरकार का बड़ा फैसला: एलपीजी बुकिंग सिस्टम में आधार सत्यापन से बढ़ेगी निगरानी।
Gas Supply: जयपुर. प्रदेश में एलपीजी गैस की बुकिंग प्रक्रिया को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। अब रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर के अलावा किसी अन्य मोबाइल नंबर से गैस बुकिंग करने पर आधार सत्यापन अनिवार्य कर दिया गया है। इस व्यवस्था का उद्देश्य बुकिंग में होने वाली धांधली, फर्जीवाड़े और दुरुपयोग पर रोक लगाना है।
मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने मंगलवार को सचिवालय में आयोजित बैठक में यह निर्देश देते हुए कहा कि प्रदेश में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता और स्टोरेज है, ऐसे में किसी भी प्रकार की अफवाह या कृत्रिम कमी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने जिला कलेक्टर्स को निर्देश दिए कि वे सोशल मीडिया पर फैलने वाली भ्रामक सूचनाओं पर नजर रखें और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि एलपीजी बुकिंग प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन और ओटीपी आधारित बनाया जाएगा। रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर के अलावा किसी अन्य नंबर से बुकिंग करने पर उपभोक्ता को आधार के माध्यम से अपनी पहचान सत्यापित करनी होगी। इससे फर्जी बुकिंग, गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और अनाधिकृत उपयोग पर प्रभावी रोक लग सकेगी।
मुख्य सचिव ने जिलों में एलपीजी की जमाखोरी, कालाबाजारी और दुरुपयोग पर कड़ी नजर रखने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में तत्काल एफआईआर दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही, जिला प्रशासन, पुलिस और ऑयल-गैस कंपनियों के नोडल अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करने को कहा गया, ताकि आमजन को निर्बाध गैस आपूर्ति सुनिश्चित हो सके।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि एलपीजी से संबंधित शिकायतों का निस्तारण 24 घंटे के भीतर किया जाए। इसके लिए 24×7 कंट्रोल रूम और हेल्पलाइन नंबर 14435, 112 और 181 के माध्यम से शिकायतें प्राप्त कर त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के शासन सचिव अम्बरीष कुमार ने बताया कि विशेष सतर्कता टीमें लगातार निरीक्षण कर रही हैं और कालाबाजारी के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि नई बुकिंग व्यवस्था लागू होने से पारदर्शिता बढ़ेगी और वास्तविक उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध हो सकेगी।
सरकार ने साथ ही पीएनजी और सीएनजी कनेक्शन को बढ़ावा देने के निर्देश भी दिए हैं, ताकि एलपीजी पर निर्भरता कम हो सके। जिला कलेक्टर्स को लंबित आवेदनों का जल्द निस्तारण करने और सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम को तेजी से आगे बढ़ाने के लिए कहा गया है।
इस नई व्यवस्था से जहां एक ओर गैस आपूर्ति प्रणाली मजबूत होगी, वहीं उपभोक्ताओं को भी अधिक सुरक्षित और पारदर्शी सेवाएं मिल सकेंगी।