जयपुर

ममता शर्मसार: राजस्थान में यहां टीन शेड पर बिलखता हुआ मिला नवजात, शरीर पर नहीं थे कपड़े

मकान की पहली मंजिल पर लगे टीनशेड पर बच्चे को कौन और कैसे रखकर गया। यह जांच का विषय बना हुआ है, क्योंकि सीढि़यों में भी गेट लगा हुआ है।

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Nov 06, 2024

कालाडेरा। स्थानीय पुलिस थाना क्षेत्र के ग्राम डोलाकाबास में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां मंगलवार सुबह एक मकान की छत पर बिलखता हुआ नग्न अवस्था में नवजात शिशु मिला है। इसकी खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।

पुलिस को सूचना दी और नवजात बच्चे को कालाडेरा के राजकीय चिकित्सालय पहुंचाया, जहां पुलिस ने पहुंचकर मामले की जानकारी ली। चिकित्सकों ने उसका प्राथमिक उपचार करके जेके लोन अस्पताल जयपुर रैफर कर दिया, जहां से मंगलवार शाम उसे गांधीनगर के राजकीय शिशु एवं बालिका गृह में भेज दिया। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

जानकारी के अनुसार डोलाकाबास निवासी मुकेश शर्मा ने पुलिस को बताया कि वह मंगलवार सुबह सोकर उठा तो सुबह छह बजे उसकी मकान की पहली मंजिल पर लगे टीनशेड से बिल्ली के बच्चे के रोने जैसी आवाज आ रही थी। इसलिए उसने इसे नजर अंदाज कर लिया, लेकिन बाद में लगातार रोने जैसी आवाज आती रही तो उसने करीब आठ बजे छत पर चढ़कर देखा तो वहां टीनशेड पर नवजात शिशु रोता नजर आया, जिसे देखकर वह घबरा गया और शोर मचा दिया।

इस पर आसपास के लोग जमा हो गए। नवजात नग्न और खून से लथपथ था। उसकी नाल भी लगी हुई थी। इस बारे में ग्रामीणों ने सरपंच सुल्तान बुनकर को अवगत करवाया। सरपंच ने कालाडेरा थाना पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने नवजात शिशु को कालाडेरा के राजकीय चिकित्सालय में पहुंचाया।

जेके लॉन अस्पताल किया रैफर

कालाडेरा अस्पताल में डॉ.सरदार सिंह यादव के नेतृत्व में सीनियर नर्सिगकर्मी रामलाल सैनी, नर्सिगकर्मी नीरज बुटोलिया, एनएनएम प्रियंका कुमारी आदि ने नवजात के स्वास्थ्य की जांच व सार-संभाल की। बच्चे को नए कपडे पहनाए। बाद में चिकित्सकों ने नवजात को 108 एबुलेंस से जयपुर स्थित जेके लोन अस्पताल के लिए रैफर कर दिया। चिकित्सकों ने बच्चे को पूर्ण स्वस्थ बताया है। बच्चे को देखने के लिए कालाडेरा अस्पताल में बड़ी संख्या में ग्रामीण जमा हो गए। दिनभर इसकी चर्चा रही।

पुलिस के लिए पहेली बना

मकान की पहली मंजिल पर लगे टीनशेड पर बच्चे को कौन और कैसे रखकर गया। यह जांच का विषय बना हुआ है, क्योंकि सीढि़यों में भी गेट लगा हुआ है। इसके अलावा आसपास के मकानों से बच्चे को फेंकने या मकान के दूसरी तरफ से चढ़कर बच्चे को रखने की जांच पुलिस कर रही है। खुद मकान मालिक इस बात से हैरान है कि आखिर बच्चा पहली मंजिल तक कैसे पहुंचाया गया। इधर, हैड कांस्टेबल जगनलाल ने अस्पताल पहुंचकर नवजात को लेकर आए ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली। आंशका जताई जा रही है कि कोई बिन ब्याही मां इस घटना में शमिल हो सकती है।


इनका कहना है

डोलाकाबास में मिले नवजात शिशु को श्वास लेने में परेशानी हो रही थी। बच्चे की अस्पताल में देखभाल व स्वास्थ्य की जांच करने के बाद जयपुर स्थित जेके लोन के लिए अस्पताल रैफर कर दिया ।

डॉ.सरदार सिंह यादव, प्रभारी, राजकीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, कालाडेरा।


इनका कहना है


डोलाबास में नवजात शिशु मिलने की सूचना मिली थी, जिसके बाद नवजात की चिकित्सालय में स्वास्थ्य की जांच करवाने के बाद जेके लोन अस्पताल में भर्ती करवा दिया है, जहां से उसे गांधीनगर के राजकीय शिशु एवं बालिका गृह में भेज दिया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कमल सिंह, थाना प्रभारी, पुलिस थाना, कालाडेरा।

Updated on:
06 Nov 2024 02:47 pm
Published on:
06 Nov 2024 02:45 pm
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