
Barmer PRO Pramod Kumar Vaishnav: ग्वार गम, शेयरों में निवेश कर दोगुना मुनाफा और सरकारी नौकरी का झांसा देकर 17 लाख रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। पंत विहार, जामडोली निवासी विकास कुमार शर्मा ने मोनिका विहार, मांग्यावास निवासी और वर्तमान में बाड़मेर में जनसंपर्क अधिकारी के पद पर कार्यरत प्रमोद कुमार वैष्णव के खिलाफ मानसरोवर थाने में मामला दर्ज कराया है।
पीड़ित विकास कुमार ने रिपोर्ट में बताया कि प्रमोद से उसकी जान-पहचान गांव के नाते थी। प्रमोद ने ‘वॉयस ऑफ फार्मर’ नामक फर्म में निवेश कर पैसा दोगुना करने का झांसा दिया। उसने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में ग्वार गम और सोयाबीन के शेयरों में निवेश से 2 से 4 महीने में दोगुना रिटर्न मिलेगा लेकिन किसी को जानकारी न देने की शर्त रखी।
विकास ने प्रमोद की बातों में आकर 8 दिसंबर 2020 को चेक से 40 हजार रुपए ग्वार गम के शेयरों में निवेश किए। दो महीने बाद प्रमोद ने 80 हजार रुपए लौटाकर विश्वास जीत लिया। इसके बाद 25 फरवरी 2021 को विकास ने प्रमोद को नकद 5 लाख रुपए दिए। प्रमोद ने बताया कि एक अन्य व्यक्ति को भी इसी तरह डबल पैसे वापस करने हैं।
प्रमोद ने पीड़ित को बताया कि सेबी और कृषि विभाग की वार्षिक योजना के तहत दिसंबर 2021 तक 17 लाख रुपए और वित्तीय वर्ष की समाप्ति पर 40 लाख रुपए मिलेंगे। इस लालच में विकास ने 8 जून 2021 को बैंक से 3.5 लाख और नकद 1.5 लाख रुपए दी। इसके बाद तीसरी किश्त के रूप में 4 लाख रुपए मनीष खूंटेटा के नाम से दिए।
पैसा न लौटाने पर प्रमोद ने 24 अप्रेल 2022 को होने वाली एपीआरओ परीक्षा में पास करवाने का वादा किया और अधीनस्थ चयन बोर्ड में ले गया। लेकिन 15 मई को परिणाम आने पर चयन नहीं हुआ।
विरोध करने पर कहा गया कि, चेयरमैन ने 25 लाख रुपए मांगे थे, इसलिए काम नहीं हो सका। 9 जुलाई 2024 को जब एक और भर्ती परीक्षा में चयन नहीं हुआ और पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ, तो उसने थाने में शिकायत दर्ज करवाई। आरोप है कि, इस दौरान प्रमोद ने उसे धमकाया भी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।