Agricultural Policy : किसानों के लिए खुशखबरी: इस बार खरीद प्रक्रिया में होगी पारदर्शिता। गड़बड़ी करने वाली सोसायटी ब्लैकलिस्ट, मंत्री के सख्त निर्देश।
जयपुर। सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक ने कहा कि किसान सुगमतापूर्वक अपनी उपज का समर्थन मूल्य पर विक्रय कर पाएं इसके लिए पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं। उन्होंने कहा कि खरीद केन्द्रों पर जिंसों की गुणवत्ता मापदण्डों की समुचित पालना सुनिश्चित होनी चाहिए।
दक सोमवार को अपेक्स बैंक सभागार में राजस्थान राज्य क्रय-विक्रय सहकारी संघ (राजफैड) की समीक्षा बैठक में राजफैड अधिकारियों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने निर्देश दिए कि खरीद के लिए फरवरी माह के अंत तक प्रत्येक सोसायटी का टेण्डर अनिवार्य रूप से सम्पन्न किया जाए। टेण्डर प्रक्रिया समयबद्ध और पारदर्शितापूर्ण होनी चाहिए। उन्होंने किसानों की सुविधा के लिए पर्याप्त संख्या में खरीद केन्द्र खोले जाने के निर्देश दिए। दक ने कहा कि खरीद केन्द्रों की आवश्यकता का पूर्व में ही समीक्षा व आकलन कर पर्याप्त मात्रा में बारदाना का इंतजाम लिया जाए।
सहकारिता मंत्री ने कहा कि खरीद केन्द्रों पर मॉनिटरिंग टीम तैनात होनी चाहिए, ताकि सैम्पलिंग के नाम पर ठेकेदार या सोसायटी की मनमानी नहीं हो। उन्होंने निर्देश दिए कि खरीद केन्द्रों पर आवश्यक रूप से विक्रेता किसानों की वीडियोग्राफी करवाई जाए। दक ने गड़बड़ी करने वाली सोसायटी एवं ठेकेदारों के विरूद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए उन्हें ब्लैक लिस्ट करने व पेनल्टी लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन केन्द्रों पर पूर्व में गड़बड़ी सामने आई है, उन्हें खरीद की अनुमति नहीं देने पर भी विचार किया जाए।
भारत सरकार द्वारा 90 दिवस में खरीद की अनुमति प्रदान की जाती है, लेकिन प्रयास हो कि इसे कम समय में ही पूरा कर लिया जाए। किसानों को उनकी उपज विक्रय का समय पर भुगतान करने एवं नैफेड से भुगतान की प्रक्रिया समय पर सम्पन्न करवाये जाने के भी निर्देश दिए।