परकोटे के ऐतिहासिक बापू बाजार में ट्रैफिक को बिना सहमति वन-वे करने के फैसले के विरोध में शुक्रवार को व्यापारी सड़क पर उतर आए। व्यापारियों ने दोपहर तक बाजार पूरी तरह बंद रखकर काली पट्टी बांधकर पैदल मार्च निकाला।
जयपुर। परकोटे के ऐतिहासिक बापू बाजार में ट्रैफिक को बिना सहमति 'वन-वे' करने के फैसले के विरोध में शुक्रवार को व्यापारी सड़क पर उतर आए। व्यापारियों ने दोपहर तक बाजार पूरी तरह बंद रखकर काली पट्टी बांधकर पैदल मार्च निकाला। विरोध और जयपुर व्यापार महासंघ के दखल के बाद आखिरकार जयपुर ट्रैफिक पुलिस ने वन-वे का ट्रायल रोक दिया। अब पूरा मामला बाजार को अतिक्रमण मुक्त करने पर आ गया है, जिसके लिए पुलिस ने व्यापारियों को 7 दिन का समय दिया है।
वन-वे के विरोध में व्यापारी नारे लगाते हुए बापू बाजार व नेहरू बाजार से होते हुए 'यादगार' (ट्रैफिक पुलिस कार्यालय) पहुंचे। इस दौरान शोरूमों पर काम करने वाले कर्मचारी बरामदों में बैठकर बाजार खुलने का इंतजार करते दिखे। जयपुर व्यापार महासंघ के नेतृत्व में व्यापारियों की ट्रैफिक डीसीपी योगेश गोयल के साथ बैठक हुई। व्यापारियों ने बिना सूचना वन-वे लागू करने पर कड़ी आपत्ति जताई। डीसीपी ने सुगम यातायात के लिए इसे जरूरी बताया, तो व्यापारियों ने तर्क दिया कि यदि बाजार से अतिक्रमण हट जाए, तो वन-वे की जरूरत ही नहीं पड़ेगी।
इस पर डीसीपी ने तुरंत नगर निगम अधिकारियों से फोन पर बात कर अतिक्रमण हटाने की रणनीति बनाई। ठोस आश्वासन और 7 दिन की मोहलत मिलने के बाद व्यापारियों ने दोपहर 12:30 बजे बाजार खोला। महासंघ के महामंत्री सुरेश सैनी का कहना है कि सिर्फ एक बाजार को वन-वे करने से शहर का ट्रैफिक नहीं सुधरेगा, इसके लिए व्यापारियों को साथ लेकर पूरा रोड मैप बनाना होगा।
7 दिन में हटेगा अतिक्रमण: व्यापारी सड़क और बरामदों से अपना अस्थायी अतिक्रमण खुद हटाएंगे।
पार्किंग पर पाबंदी: शोरूमों के बाहर अब सिर्फ एक-एक दोपहिया वाहन पार्क हो सकेगा।
रामनिवास बाग में खड़े होंगे वाहन: व्यापारियों और स्टाफ के बाकी सभी वाहन रामनिवास बाग भूमिगत पार्किंग में खड़े किए जाएंगे।
बापू बाजार में वन-वे के लिए व्यापारियों से बात की है। उन्होंने अतिक्रमण हटाने के लिए सात दिन का समय मांगा है। साथ ही वे अपने वाहन भी रामनिवास बाग में पार्क करेंगे। 7 दिन बाद स्थिति की समीक्षा करेंगे।
-योगेश गोयल, डीसीपी ट्रैफिक
सड़क व बरामदों से अतिक्रमण हट जाए तो यातायात स्वतः ही सुगम हो जाएगा। ट्रैफिक पुलिस ने बिना व्यापारियों की सहमति से वन-वे किया था, जो गलत था। अब 7 दिन बाद वन-वे करने जैसी कोई बात नहीं हुई है।
-सुभाष गोयल, अध्यक्ष, जयपुर व्यापार महासंघ