
सीएम भजनलाल शर्मा। पत्रिका फाइल फोटो
Rajasthan Cabinet Big Decision: जयपुर। भजनलाल कैबिनेट ने राजस्थान इंडस्ट्रियल डवलपमेंट पॉलिसी-2026 को मंजूरी दे दी है। नई नीति में राजस्थान को बड़ा औद्योगिक हब बनाने का विजन रखा गया है। डेटा सेंटर, लॉजिस्टिक सेंटर्स को अब उद्योग का दर्जा मिलेगा। हर जिले की आर्थिक पहचान होगी। सेमी कंडक्टर इको सिस्टम, एआई को अपनी उद्योग नीति में शामिल किया है। अब तक राज्य की पहचान खनिज, टेक्सटाइल और सीमेंट जैसे पारंपरिक उद्योगों से रही है, लेकिन इस बार सरकार ने हाईटेक उद्योगों पर फोकस किया है।
पॉलिसी में सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) जैसे क्षेत्रों को बढ़ावा देने की योजना है। सरकार राजस्थान को तकनीक और निवेश आधारित औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित करना चाह रही है। साथ ही रीको क्षेत्रों में नई आधारभूत सुविधाएं विकसित की जाएंगी। लॉजिस्टिक्स नेटवर्क मजबूत करने और पर्यावरण अनुकूल उद्योगों को बढ़ावा देने की भी योजना है। सरकार का मानना है कि इससे राजस्थान राष्ट्रीय स्तर पर औद्योगिक प्रतिस्पर्धा में मजबूत स्थिति हासिल कर सकेगा।
1- हाईटेक उद्योग पहली प्राथमिकता
2- नए औद्योगिक पार्क विकसित होंगे
3- एमएसएमई और ओडीओपी को बढ़ावा
4- ग्रीन इंडस्ट्री और सर्कुलर इकोनॉमी पर जोर
मंत्रिमंडल और मंत्रिपरिषद की बैठक के बाद उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राज्यवर्धन राठौड़, जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत एवं ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर ने संयुक्त प्रेसवार्ता में बताया कि 4जी-ग्रीन, गवर्नेंस, ग्रोथ और ग्लोबलाइजेशन के चार रणनीतिक स्तंभों पर आधारित राजस्थान इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट पॉलिसी का अनुमोदन किया गया है। नीति का लक्ष्य वर्ष 2028-29 तक राज्य की अर्थव्यवस्था को 350 बिलियन डॉलर तक पहुंचाना है। नीति रिसर्च एंड डेवलपमेंट और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर पर केंद्रित रहेगी, जिससे निवेश और स्वदेशी उत्पादन बढ़ने की उम्मीद है।
मंत्रिमंडल ने राजस्थान कृषि अधीनस्थ सेवा नियम-1978 की अनुसूची में वरिष्ठ वैज्ञानिक सहायक के नए पदनाम को शामिल करने को भी मंजूरी दी है। इससे विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को पदोन्नति के अतिरिक्त अवसर मिलेंगे।
25 मई से चलेगा वंदे गंगा
मंत्री रावत ने बताया कि गंगा दशमी 25 मई से विश्व पर्यावरण दिवस 5 जून तक वंदे गंगा जल संरक्षण-जन अभियान चलाया जाएगा। अभियान की शुरुआत नदी, बांध, तालाब और अन्य जल स्रोतों के पूजन तथा नहरों और खालों की साफ-सफाई से होगी। अभियान के दौरान हरियालो राजस्थान के तहत पौधारोपण और घास बुआई की तैयारी भी की जाएगी। विश्व पर्यावरण दिवस पर उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री विकसित ग्राम-शहरी वार्ड अभियान की प्रगति की समीक्षा भी मंत्रिपरिषद में की गई। अभियान के दौरान महिलाओं, युवाओं, किसानों, कारीगरों और दिव्यांगजनों से सुझाव लिए गए। इन सुझावों और बेसलाइन डेटा के आधार पर ड्राफ्ट मास्टर प्लान तैयार किए गए हैं। इनके अनुमोदन के लिए 26 मई को प्रदेशभर में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन किया जाएगा।
मंत्री नागर ने बताया कि इस वर्ष 20 मई को प्रदेश में बिजली की अधिकतम मांग 16 हजार 487 मेगावाट रही, जबकि उपलब्धता 16 हजार 580 मेगावाट दर्ज की गई। सभी प्रभारी मंत्रियों को जिलों में बिजली और पेयजल की स्थिति की लगातार समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं।
मंत्रिपरिषद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संयुक्त राष्ट्र संघ के खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) द्वारा एग्रीकोला मेडल से सम्मानित किए जाने पर अभिनंदन प्रस्ताव पारित किया। बैठक में कहा गया कि प्रधानमंत्री ने यह सम्मान देश के किसानों और पशुपालकों को समर्पित किया है।
Updated on:
23 May 2026 07:30 am
Published on:
23 May 2026 07:30 am
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