
Police Action On Illegal Activity In Jaipur: राजस्थान पत्रिका की ओर से सिंधी कैंप, रेलवे स्टेशन और लक्ष्मी मंदिर तिराहे के आसपास सक्रिय अनैतिक गतिविधियों के संगठित नेटवर्क का खुलासा किए जाने के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। सिंधी कैंप थाना पुलिस ने रविवार को बस स्टैंड के आसपास संचालित होटलों की आकस्मिक जांच कर दो होटल संचालकों और एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया। होटल संचालक महिलाओं और संदिग्ध व्यक्तियों को अवैध गतिविधियों के लिए कमरे उपलब्ध करा रहे थे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार दोनों होटलों के मालिकों की भी तलाश की जा रही है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि वे इन गतिविधियों से अनभिज्ञ थे या उनकी जानकारी और सहमति से होटल संचालकों को अवैध गतिविधियों के लिए होटल संचालित करने दिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है।
डीसीपी (पश्चिम) प्रशांत किरण ने बताया कि पत्रिका में प्रकाशित खबर और लगातार मिल रही शिकायतों के बाद थानाधिकारी वंदना नरूला के नेतृत्व में पुलिस टीम ने रविवार को आकस्मिक जांच अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान सिंधी कैंप रोड स्थित होटल वेलकम गेस्ट हाउस और होटल तिरुपति पैलेस की गतिविधियां संदिग्ध मिलीं। पुलिस ने होटल वेलकम गेस्ट हाउस के संचालक, होटल तिरुपति पैलेस के संचालक और वेलकम गेस्ट हाउस में मौजूद एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम ने दोनों होटलों से जुड़े दस्तावेजों और अन्य जानकारियों को भी खंगालना शुरू कर दिया है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में वेलकम गेस्ट हाउस के संचालक कोटपुतली-बहरोड़ निवासी कालूराम (20), होटल तिरूपति पैलेस के संचालक सिंघाणा-झुंझुनूं निवासी हेमंत (27) तथा पवन सिंह, निवासी श्रीमाधोपुर, सीकर शामिल हैं। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है कि होटल में कौन-कौन लोग आते थे और यह नेटवर्क कब से संचालित हो रहा था।
गौरतलब है कि राजस्थान पत्रिका ने हाल ही में 'शहर में खुलेआम अनैतिक गतिविधियों का जाल, बेखौफ दलाल बोले- डरते तो यह काम कैसे करते' शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी। पड़ताल में सामने आया था कि सिंधी कैंप, रेलवे स्टेशन और लक्ष्मी मंदिर तिराहे के आसपास दलालों का संगठित नेटवर्क सक्रिय है, जो खुलेआम ग्राहकों की तलाश कर उन्हें होटलों तक पहुंचाता है।