जयपुर

पुलिस सतर्क: राजस्थान में अपराधियों के लिए अब मोबाइल चोरी का धंधा खत्म

Mobile Theft Crackdown: कई फोन चोरी के बाद दूसरे राज्यों में, लेकिन पुलिस ने लोकेशन ट्रैकिंग ने उन्हें वापस ला दिया। जयपुर में 2 करोड़ के 790 चोरी मोबाइल किए बरामद।

2 min read
May 07, 2026

790 Stolen Mobiles Recovered: जयपुर. आधुनिक तकनीक और पुलिस की सूझबूझ ने मिलकर साइबर अपराध पर करारा प्रहार किया है। जयपुर कमिश्नरेट के पूर्व जिले की पुलिस ने ऑपरेशन री-कॉल के तहत मात्र एक महीने में 790 गुमशुदा और चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद कर लिए। इनकी अनुमानित बाजार कीमत 2 करोड़ रुपए है। यह सफलता ‘नए भारत’ की तस्वीर है। जहां पुलिस अब पारंपरिक तरीकों के साथ-साथ आधुनिक तकनीक की मदद से अपराध पर नकेल कस रही है। जयपुर पुलिस की यह कार्रवाई देशभर के लिए एक मिसाल बन गई है। जब तकनीक, समर्पण और तेज एक्शन साथ देते हैं, तो अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं बचती।

ये भी पढ़ें

बेंगलुरु पुलिस की AI क्रांति की राजस्थान को भी जरूरत: अब इमरजेंसी में भाषा नहीं बनेगी दीवार

कई राज्यों में फैले 400 मोबाइल टावरों की मदद से लोकेशन ट्रैक की

पुलिस ने इन फोनों को ट्रेस करने के लिए 400 मोबाइल टावरों की डेटा मदद ली, जो कई राज्यों में फैले थे। DoT (Department of Telecommunications) के CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल और संचार साथी पहल ने इस अभियान को नई ऊंचाई दी। कई फोन चोरी होने के बाद दूसरे राज्यों तक पहुंच चुके थे, लेकिन पुलिस की सटीक लोकेशन ट्रैकिंग ने उन्हें वापस ला दिया।

साइबर ठगी के 3.85 करोड़ रुपए फ्रीज कराए

डीसीपी ईस्ट रंजीता शर्मा के नेतृत्व में चले इस अभियान में अप्रेल महीने में अकेले 400 फोन बरामद हुए। साथ ही साइबर ठगी के 3.85 करोड़ रुपए फ्रीज कराए गए, जिनमें से 65 लाख रुपए से अधिक पीड़ितों को वापस लौटाए जा चुके हैं।

तकनीक और इंसानी मेहनत का अनोखा मेल

यह अभियान साबित करता है कि आज के डिजिटल युग में पुलिस को अपराधियों से आगे रहना होगा। मोबाइल फोन अब सिर्फ संपत्ति नहीं, बल्कि बैंक डिटेल्स, आधार, OTP और व्यक्तिगत जीवन का पूरा डेटा रखने वाला डिजिटल खजाना है। एक फोन चोरी होने पर Identity Theft और आर्थिक ठगी का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।

मोबाइल चोरी का धंधा जोखिम भरा

ऑपरेशन री-कॉल ने न सिर्फ 2 करोड़ के मोबाइल फोन पकड़े, बल्कि अपराधियों में भय भी पैदा किया है। अब मोबाइल चोरी का धंधा जोखिम भरा और घाटे का सौदा बन गया है।

नागरिकों के लिए संदेश

जयपुर पुलिस और DoT ने सभी से अपील की है कि वे Sanchar Saathi ऐप डाउनलोड करें और अपने मोबाइल का IMEI नंबर रजिस्टर कराएं। फोन गुम हो जाए तो तुरंत CEIR पोर्टल पर ब्लॉक कराएं।

कैसे काम करता है CEIR सिस्टम?

चरणक्या हुआ?नतीजा
फोन चोरी हुआजयपुर में स्नैचिंगFIR + CEIR पर IMEI ब्लॉक
चोर ने SIM डालादिल्ली या दूसरे राज्य में फोन ऑन कियाCEIR को सिग्नल मिला
टावर डेटा चेक400 टावरों में से एक टावर पर IMEI मिलालोकेशन: XYZ इलाका, दिल्ली
पुलिस एक्शनछापा माराफोन बरामद + आरोपी गिरफ्तार
कुल790 फोन ( करीब 2 करोड़ रुपए के )मालिकों को वापस दिलाए

ये भी पढ़ें

पंजाब पुलिस का ‘PAIS’ सिस्टम गैंगस्टरों की कमर तोड़ने को तैयार, राजस्थान को भी मिलेगा फायदा
Updated on:
07 May 2026 02:51 pm
Published on:
07 May 2026 02:48 pm
Also Read
View All