
Public Ka Panna : जयपुर की शूटर केसर पारीक ने बताया कि नौ साल की उम्र में सड़क हादसे में दायां हाथ गंवाने के बाद जिंदगी में निराशा हावी हो गई, लेकिन फिर ठाना कि इस चुनौती को कमजोरी नहीं बनने देना है। इसके बाद एक हाथ से राइफल थामी और निशानेबाजी में पहचान बनाने की ठानी। अब 14 साल की उम्र में देहरादून में आयोजित 45वीं पैरा नॉर्थ जोन शूटिंग चैंपियनशिप में पांच स्वर्ण और एक रजत पदक जीतकर साबित कर दिया कि मंजिल तक पहुंचने के लिए हौसला दोनों हाथों का मोहताज नहीं होता। वर्तमान में आठवीं कक्षा में पढ़ाई के साथ ही नियमित शूटिंग का अभ्यास भी करती हूं।
डॉक्टर की सलाह पर मां ने निशानेबाजी से जोड़ा। धीरे-धीरे रुचि बढऩे पर इसे जीवन का लक्ष्य बना लिया। अगला लक्ष्य 7वीं पैरा जोनल चैंपियनशिप में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है।
-दौलत राम माल्या, प्रताप नगर
जरूरतमंद मेधावी विद्यार्थियों के उच्च शिक्षा के सपनों को पूरा करने के लिए फीस का सहारा, तो किसी जरूरतमंद के जीवन में उम्मीद की रोशनी जगाना ही जीवन के मुख्य उद्देश्यों में से एक है। समाजसेवा सहयोग का माध्यम नहीं, जरूरतमंद व्यक्ति के जीवन को बेहतर दिशा देने का संकल्प है।
हाल ही जीएनएम की छात्रा के साथ ही आर्किटेक्ट के स्टूडेंट की फीस भी निजी प्रयासों और भामाशाहों के सहयोग से जमा कराई गई। एमबीबीएस के दो स्टूडेंट्स की पढ़ाई के लिए भी आर्थिक सहयोग दिया गया। गत जुलाई में आयोजित समारोह में जरूरतमंद विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की गई। इसके लिए एजुकेशन एंबेसेडर की भी नियुक्ति की गई। अनाथ बच्चों और वृद्धजन की बेहतर रिहाइश के लिए सांभरिया रोड पर आश्रय केयर भवन के लिए जमीन भी दान की है।
-शिवाली गुप्ता, मानसरोवर
बचपन में जिन सावित्री बाई फुले को रोल मॉडल माना, अब उन्हीं के नाम का पुरस्कार मिलना जीवन की प्रमुख उपलब्धि है। रांका पब्लिक चैरिटेबल ट्रस्ट के सहयोग से रामबाग सर्कल पर आयोजित कार्यक्रम में शिक्षा और समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए सावित्रीबाई फुले पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया गया। यह सम्मान पाने के बाद अब इस क्षेत्र में काम करने की जिम्मेदारियां बढ़ गई हैं।
यदि हां तो व्हाट्स ऐप नं. 9057531314 व Jaipur@in.patrika.com पर समस्या मेल करें। या ऊपर दिया गया क्यूआर कोड स्कैन करें। अगली मीटिंग आपके यहां होगी। आपकी बात जिम्मेदारों तक पहुंचाएंगे।