
Ashok Gehlot : कांग्रेस और किरोड़ी लाल मीणा के बीच राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के बाद देर रात कांग्रेस वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत ने किरोड़ी लाल मीणा पर निशाना साधा। अशोक गहलोत ने किरोड़ी लाल मीणा पर तीखा तंज कसते हुए कहाकि अब वे जनता के सामने पूरी तरह एक्सपोज हो गए हैं। अशोक गहलोत ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट X पर लिखा कि किरोड़ी लाल मीणा सरकार बनने से पूर्व एवं अब मंत्री रहते हुए भी हम सब पर लगातार आरोप लगाते घूम रहे हैं। पर इनका एक भी आरोप किसी पर सिद्ध नहीं हुआ है। भाजपा सरकार आने के ढाई साल में इनके सब आरोप हवा में उड़ चुके हैं।
अशोक गहलोत ने आगे लिखा कि अब इन पर खुद पर आरोप लग गए तो ये तिलमिला गए हैं और बयान दे रहे हैं कि मुख्यमंत्री के दबाव में एसीबी उन्हें फंसा रही है। अब वे जनता के सामने पूरी तरह एक्सपोज हो गए हैं। खुद को घिरता देख इस सब से ध्यान भटकाने के लिए किरोड़ी लाल मीणा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर अनर्गल और सरासर झूठे आरोप लगाना उनकी हताशा को साफ दर्शाता है। जनता सब देख रही है, इस झूठ की राजनीति का अंत निश्चित है।
इससे पूर्व कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के बेटे-बहू पर गलत तरीके से OBC सर्टिफिकेट बनवाकर RAS बनने के आरोप लगाए थे। इसकी जांच के लिए मुख्यमंत्री को चिट्ठी लिखी थी। किरोड़ी लाल मीणा ने मांग की कि इस मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच की जाए। पत्र में कहा गया है कि डोटासरा के पुत्र अविनाश का आरएएस 2016 में चयन हुआ था और उसे साक्षात्कार में अधिक अंक दिए गए। किरोड़ी ने यह भी कहा कि डोटासरा के समधी रमेशचंद पूनिया के परिवार को ओबीसी आरक्षण का लाभ फर्जी दस्तावेजों के आधार पर मिला।
इसी पर गोविंद सिंह डोटासरा ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि किरोड़ी लाल मीणा तत्कालीन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के पैरों में गिरकर गिड़गिड़ाए थे। साथ ही डोटासरा ने किरोड़ी लाल पर खाद-बीज छापों के नाम पर सैकड़ों करोड़ रुपए की अवैध वसूली के आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से जांच की मांग की है।