जयपुर

राजस्थान: सरकार की मेडिकल कॉलेजों की हाई-फीस सीटों से 1,200 करोड़ से ज्यादा की कमाई! Exclusive रिपोर्ट में सामने आया बड़ा आंकड़ा

राजस्थान के सरकारी और राजमेस मेडिकल कॉलेजों में NRI और मैनेजमेंट कोटे की 1,459 MBBS सीटों से 1,200 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई का अनुमान है। Exclusive रिपोर्ट में फीस और सीटों से जुड़े बड़े आंकड़े सामने आए हैं।
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Sep 09, 2026
rajasthan medical colleges
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जयपुर. राजस्थान के सरकारी और राजस्थान मेडिकल एजुकेशन सोसायटी (राजमेस) के मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस दाखिलों की प्रक्रिया के साथ एक बड़ा आर्थिक पहलू सामने आया है। नीट यूजी मेडिकल और डेंटल काउंसलिंग बोर्ड 2026 की सीट मैट्रिक्स और निर्धारित फीस के विश्लेषण के अनुसार इन संस्थानों में सामान्य सीटों के अलावा एनआरआई और मैनेजमेंट कोटे की हाई-फीस सीटें बड़ा राजस्व स्रोत बन गई हैं। इन दोनों श्रेणियों की 1,459 सीटों से पूरे एमबीबीएस पाठ्यक्रम के दौरान करीब 1,200 करोड़ रुपये से अधिक की आय होने का अनुमान लगाया गया है। गौरतलब है कि राजमेस के कई कॉलेज बुनियादी सुविधाओं और फैकल्टी की कमी से जूझ रहे हैं। बोर्ड की सीट मैट्रिक्स के अनुसार एनआरआई कोटे की 468 सीटों से 800 करोड़ से ज्यादा आय का अनुमान लगाया गया है। इन सीटों की फीस अमेरिकी डॉलर में तय की जाती है, जिसके चलते भारतीय रुपये में इसकी वास्तविक राशि समय-समय पर विनिमय दर के आधार पर घटती व बढ़ती रहती है। आरयूएचएस और राजमेस के सरकारी सोसायटी मेडिकल कॉलेजों में मैनेजमेंट कोटे की 991 एमबीबीएस सीटें दर्शाई गई हैं। शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के निर्धारित नियमों के अनुसार, मैनेजमेंट सीट की ट्यूशन फीस 10,05,100 प्रति वर्ष तय की गई है।

ट्यूशन फीस 99.61 करोड़

राजस्थान के आरयूएचएस और राजमेस के सरकारी सोसायटी मेडिकल कॉलेजों में मैनेजमेंट कोटे की 991 एमबीबीएस सीटें हैं। इन सीटों पर निर्धारित 10,05,100 रुपये की सालाना ट्यूशन फीस के हिसाब से एक वर्ष में करीब 99.61 करोड़ रुपये की राशि बनती है। वहीं, एमबीबीएस का 4.5 वर्ष का शैक्षणिक पाठ्यक्रम पूरा होने तक इन 991 सीटों से मिलने वाली ट्यूशन फीस करीब 448 करोड़ रुपये तक पहुंच सकती है।

खास बात यह है कि यह गणना केवल ट्यूशन फीस के आधार पर है। इसमें इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट, एकेडमिक फीस, वेलफेयर फंड, एडमिशन फीस और हॉस्टल फीस जैसी अन्य मदों को शामिल नहीं किया गया है। ऐसे में इन सीटों से संस्थानों को मिलने वाली कुल राशि इससे भी अधिक हो सकती है।

सुधारों में होगा खर्च

दर्शाई गई सभी मैनेजमेंट और एनआरआई सीट्स पर एडमिशन होता है तो सरकार को बड़े राजस्व की प्राप्ति होगी जिसका उपयोग गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा तथा मेडिकल कॉलेजों के बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए प्रयोग में लाया जाना चाहिए।

डॉ. अभिषेक व्यास, ईएनटी सर्जन, बीकानेर

Updated on:
09 Sept 2026 08:49 am
Published on:
09 Sept 2026 08:48 am