
Rajasthan Panchayat-Nikay Elections : पूर्व विधायक संयम लोढ़ा ने 31 जुलाई तक राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव कराने के अदालती आदेश की पालना में चुनाव की प्रक्रिया शुरू नहीं होने को लेकर अवमानना की तैयारी शुरू कर दी है। उनकी ओर से बुधवार को राज्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह, आयोग सचिव राजेश वर्मा, पंचायती राज सचिव जोगाराम व स्थानीय निकाय निदेशक जुइकर प्रतीक चंद्रशेखर को लीगल नोटिस भेज दिया गया। अधिवक्ता पुनीत सिंघवी की ओर से भेजे गए नोटिस में कहा गया है कि राजस्थान हाईकोर्ट पंचायत-निकाय चुनाव के लिए स्पष्ट निर्देश दे चुका है। इसके बावजूद 31 जुलाई तक चुनाव कराने की तैयारी नहीं की है।
एक ओर ओबीसी (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग सर्वे की तैयारी कर रहा है, वहीं ओबीसी आयोग की संयुक्त सचिव अंजू पारीक ने ओबीसी (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग के अध्यक्ष, सदस्य सचिव व सदस्यों के मानदेय के लिए बजट ही जारी नहीं किया है।
अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग की पंचायत-निकाय चुनाव के लिए ओबीसी परिवारों का 8 जुलाई से सर्वे शुरू कराने की तैयारी है, जिसे 20 जुलाई तक पूरा कराने का प्लान है।
वहीं पंचायत और निकाय चुनावों को लेकर राज्य में राजनीतिक विवाद लगातार गहराता जा रहा है। बीते दिनों राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष अरुण चतुर्वेदी के चुनाव अक्टूबर से दिसंबर के बीच कराने संबंधी बयान पर पूर्व विधायक संयम लोढ़ा ने कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे हाईकोर्ट के आदेश की अवमानना बताया है। भीलवाड़ा में 15 जून को मीडिया से बातचीत में अरुण चतुर्वेदी ने कहा था कि 'एक राज्य, एक चुनाव' के संकल्प के तहत राज्य सरकार अक्टूबर से दिसंबर के बीच हर हाल में पंचायत और निकाय चुनाव करा लेगी।
पूर्व मुख्य सचिव एवं पूर्व राज्य निर्वाचन आयुक्त इंद्रजीत खन्ना के बीते दिनों दिए बयान के अनुसार पंचायत और निकाय चुनाव समय पर नहीं होना अपने आप में असंवैधानिक स्थिति है। असमंजस खत्म करने के लिए अब अदालत को संवैधानिक प्रावधानों की पालना सुनिश्चित करानी चाहिए।
राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव के लिए हाईकोर्ट की ओर से तय 31 जुलाई की समय सीमा समाप्त होने में अब मात्र 29 दिन शेष रह गए हैं। राजस्थान हाईकोर्ट ने पिछले वर्ष नवंबर में 15 अप्रैल तक पंचायत-निकाय चुनाव कराने की डेडलाइन तय की थी, लेकिन सरकार ने डेडलाइन से पहले समय बढ़ाने का आग्रह किया और राहत प्राप्त कर ली। इसके बाद कोर्ट ने 31 जुलाई तक चुनाव कराने की नई डेडलाइन तय की। इसके बावजूद चुनावी प्रक्रिया अभी शुरुआती चरण में ही दिखाई दे रही है।