राजस्थान ऑयल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने राजस्थान को सरसों उत्पादक प्रदेश घोषित करने की मांग की है।
Rajasthan budget 2023 : राजस्थान ऑयल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने राजस्थान को सरसों उत्पादक प्रदेश घोषित करने की मांग की है। एसोसिएशन का कहना है कि इस साल प्रदेश में करीब 50 लाख टन सरसों पैदावार का अनुमान है। ऐसे में सरकार प्रोत्साहन दे तो उत्पादन बढ़कर 100 लाख टन से अधिक हो सकता है। एसोसिएशन के संयुक्त सचिव डी.डी. जैन ने कहा कि यदि सरकार सरसों उत्पादक प्रदेश घोषित कर किसानों विशेष पैकेज दे तो, राजस्थान में सरसों पैदावार तीन गुना से ज्यादा हो सकती है। इससे खाद्य तेल आयात पर निर्भरता कम होगी। अभी कुल खाद्य तेल खपत का दो-तिहाई आयात करना पड़ता है।
तेल मिलों की स्थापना से लाखों रोजगार
नई तेल मिलों की स्थापना से लाखों रोजगार पैदा होंगे। एसोसिएशन ने सरकार को सरसों एवं सरसों तेल को जीएसटी से बाहर रखने, छोटी तेल मिलों के लिए एसएमई केटेगरी में बिजली कनेक्शन के हिसाब से हार्सपावर में बदलाव करने, कृषि मंडी शुल्क एवं कृषि कल्याण सेस को समाप्त, तिलहन पर आरटीएल लाइसेंस हटाने, सिंगल रेलवे वैगन में उपलब्ध कराने, विदेशी तेल एवं देशी तेल के भावों में समानता रखने और सरसों की खेती के लिए जीएम बीजों को मंजूरी नहीं देने का सुझाव भी दिया है।