
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
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निवाई. सिर पर कलश धारण किए हजारों महिलाओं की लंबी कतारें, गूंजते जयघोष और भक्ति से सराबोर विशाल जनसमूह शुक्रवार को घाटा करीरिया आश्रम में देखने को मिला। हर तरफ संतों के जयकारों की गूंज और महिलाओं के मांगलिक गीतों ने हर किसी को मोह लिया।महामंडलेश्वर स्वामी भजनानंद गिरी महाराज के निर्वाण दिवस के उपलक्ष में आयोजित तीन दिवसीय धार्मिक महोत्सव का शुभारंभ 2100 कलशों की भव्य शोभायात्रा के साथ हुआ।
स्वामी कर्मानन्दगिरी महाराज के सान्निध्य में विधिवत पूजा-अर्चना के साथ त्रिदिवसीय गोपुष्टि महायज्ञ एवं अखंड धूणा का शुभारंभ हुआ। भाजपा प्रदेश मंत्री सीताराम पोसवाल ने पूजा-अर्चना कर कलश यात्रा को रवाना किया।
पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया, जबकि भजन-कीर्तन और जयघोषों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। आयोजन समिति के शिवराज दड़गस एवं रतनकंवर चौधरी ने बताया कि प्रधान कलश के लिए भामाशाह नादान सिंह गुर्जर ने 12 लाख 21 हजार रुपए तथा प्रधान यज्ञ कुंड के लिए जयपुर निवासी लालाराम बोकण ने 11 लाख 11 हजार रुपए की बोली लगाई। दोनों भामाशाहों का आयोजन समिति ने सम्मान किया। कलशयात्रा के समापन पर प्रवचन देते हुए स्वामी कर्मानन्दगिरी महाराज ने कहा कि कलश यात्रा भारतीय संस्कृति में श्रद्धा, पवित्रता और जीवन में मंगलभाव के प्रवेश का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि शनिवार को ध्वज पदयात्रा, रात्रि सत्संग एवं संत प्रवचनों का आयोजन होगा।