माइंस ( Mines ), पेट्रोलियम ( petroleum ) एवं ऊर्जा विभाग ( Energy Department ) के अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुबोध अग्रवाल ने कहा है कि राज्य की विद्युत कंपनियों ( power sector ) के बीच बेहतर तालमेल और समन्वय बनाते हुए विद्युत क्षेत्र से जुड़ी दीर्घकालीन व तात्कालीक अवरोधों के समाधान के लिए रोडमेप बनाया जाएगा।
जयपुर। माइंस, पेट्रोलियम एवं ऊर्जा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुबोध अग्रवाल ने कहा है कि राज्य की विद्युत कंपनियों के बीच बेहतर तालमेल और समन्वय बनाते हुए विद्युत क्षेत्र ( power sector ) से जुड़ी दीर्घकालीन व तात्कालीक अवरोधों के समाधान के लिए रोडमेप बनाया जाएगा। प्रदेशवासियों को निर्बाध विद्युत आपूर्ति के साथ ही फसल के समय किसानों और औद्योगिक उत्पादन बढ़ानें के लिए प्रतिष्ठानों के लिए विद्युत की उपलब्धता बनाए रखना हमारा सामूहिक दायित्व है, ताकि प्रदेश में विकास की रफ्तार को और तेज किया जा सके।
हमें राज्य में बिजली की मांग, उपलब्धता और आपूर्ति की सूक्ष्म मोनेटरिंग करनी होगी। इसके साथ ही बिजली की उपलब्धता बनाए रखने के लिए देश की विद्युत उत्पादक संस्थाओं में बिजली की उपलब्धता के साथ ही लागत को ध्यान में रखना होगा ताकि बिजली की निर्बाध आपूर्ति के साथ ही विद्युत खरीद लागत को भी बैलेंस किया जा सके। आरयूपीएनएल के सीएमडी भास्कर ए. सावंत ने बताया कि उपभोक्ताओं की सेवा के लिए जयपुर डिस्काम ने बिजली मित्र एवं और वेब पोर्टल की सुविधा आरंभ की है। उन्होंने बताया कि प्रषासन गांवों के संग अभियान में विभाग के अधिकारी शिविरों में उपस्थित रहकर समस्याओं का समाधान कर रहे हैं।
बैठक में संयुक्त सचिव ऊर्जा आलोक रंजन, प्रबंध संचालक जयपुर डिस्काम नवीन अरोड़ा, प्रबंध संचालक राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम आरके शर्मा के साथ ही डिस्कॉम, प्रसारण निगम, उत्पादन निगम और ऊर्जा निगम के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया।