जयपुर

राजस्थान के इन 2 जिलों में अत्यंत भारी बारिश! IMD ने रेड अलर्ट किया जारी, 3 जिलों में स्कूलों की छुट्टी घोषित

राजस्थान में भारी बारिश की चेतावनी के चलते 3 जिलों में स्कूलों की छुट्टी कर दी गई है।
less than 1 minute read
• •
Aug 23, 2025
Photo- Patrika Network

Rajasthan Weather News: राजस्थान में मानसून पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। कई जिलों में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात उत्पन्न हो गए। नदी और नाले उफान पर है। कोटा व सवाई माधोपुर में बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। सबसे अधिक बारिश सवाईमाधोपुर तहसील में 254 (10 इंच) एमएम दर्ज की गई। मूसलाधार बारिश से कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर, बारां में हालात बिगड़ गए। कोटा दीगोद में आमजन को राहत देने के लिए सेना तैनात की गई है।

वहीं, मौसम विभाग ने शनिवार को भी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इस अलर्ट के तहत राजस्थान के चित्तौडगढ़़ व भीलवाड़ा जिले में रेड अलर्ट घोषित किया है। इन इलाकों में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी दी है। इसके अलावा बांसवाड़ा, बूंदी, डूंगरपुर, कोटा, राजसमंद, सिरोही, उदयपुर, जालोर व पाली जिले में अतिभारी बारिश की संभावना जताई है।

इन जिलों में स्कूलों की छुट्टी

प्रदेश में मौसम विभाग की भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए बांसवाड़ा जिला कलेक्टर डॉ. इंद्रजीत यादव ने 23 और 24 अगस्त को जिले के सभी सरकारी व निजी स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्र को लेकर अवकाश के आदेश जारी किए है।

इधर, जिला प्रशासन ने सवाई माधोपुर क्षेत्र में भारी बारिश के चलते 23 अगस्त की कक्षा 1 से 12 के छात्रों की छुट्टी घोषित की है। साथ ही कोटा में कलेक्टर पीयूष सामरिया ने कक्षा 1 से 12 के छात्रों की 23 अगस्त की छुट्टी घोषित की है।

Updated on:
23 Aug 2025 11:00 am
Published on:
23 Aug 2025 06:00 am
Also Read
View All
जयपुर कमिश्नरेट में तीसरे दिन भी कांग्रेस का धरना: गोविंद सिंह डोटासरा हुए चोटिल; टीकाराम जूली ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप

जयपुर SMS अस्पताल में 6 साल से बंद नशा मुक्ति वार्ड, रोज 180 मरीज परेशान; इलाज के लिए 4 किमी दूर जाने की मजबूरी

जयपुर के फ्लैट में महिला का शव मिलने से फैली सनसनी, शादीशुदा युवक के साथ रहती थी मोना, लिव-इन पार्टनर फरार

जयपुर में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़: 8 युवक और 2 लड़कियां मिलकर लगाते थे अमेरिका में करोड़ों की चपत, ऐसे बिछाते थे जाल

NEET UG 2026: राजस्थान में स्टूडेंट्स भरपूर, फिर भी निजी मेडिकल कॉलेजों में खाली MBBS की 1200 से ज्यादा सीटें, ये है बड़ी वजह