TRAI scam: राजस्थान पुलिस ने जारी किया अलर्ट- साइबर अपराधी लगातार नए-नए तरीके अपना रहे। अपराधी TRAI या CBI, ED जैसी एजेंसियों के अधिकारी बनकर फोन कॉल, मैसेज और फर्जी लेटर भेज रहे हैं।
Cyber Fraud: जयपुर. देशभर सहित राजस्थान में साइबर अपराधियों ने Telecom Regulatory Authority of India ( TRAI ) के नाम का दुरुपयोग कर नया खेल शुरू कर दिया है। खुद को TRAI अधिकारी बताकर लोगों को डराया-धमकाया जा रहा है और 'डिजिटल अरेस्ट' के बहाने लाखों-करोड़ों रुपए ठगे जा रहे हैं। राजस्थान पुलिस के साइबर क्राइम विंग ने हाल ही में विशेष अलर्ट जारी किया है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि ठगों की यह चाल तेजी से बढ़ रही है और बुजुर्ग तथा आम नागरिक सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं।
राजस्थान पुलिस के अतिरिक्त महानिदेशक (साइबर क्राइम) वी.के. सिंह ने हाल ही जारी अलर्ट में बताया कि अपराधी TRAI या CBI, ED जैसी एजेंसियों के अधिकारी बनकर फोन कॉल, मैसेज और फर्जी लेटर भेज रहे हैं। वे दावा करते हैं कि पीड़ित का आधार या मोबाइल नंबर मनी लॉन्ड्रिंग, ड्रग तस्करी या अन्य गंभीर अपराधों में इस्तेमाल हुआ है। फिर वीडियो कॉल पर घंटों 'डिजिटल अरेस्ट' कर डराते हैं और पैसे ट्रांसफर करवाते हैं।
पुलिस ने साफ किया कि TRAI कभी वीडियो कॉल पर जांच या डिजिटल अरेस्ट नहीं करता। राजस्थान में TRAI से जुड़े ठगी के कई मामले सामने आए हैं, हालांकि स्पेसिफिक बड़े 'डिजिटल अरेस्ट' केस TRAI इंपर्सोनेशन के साथ सीधे रिपोर्टेड कम हैं, लेकिन संबंधित स्कैम्स बढ़े हैं।
राजस्थान पुलिस ने चेतावनी दी है कि कोई भी सरकारी एजेंसी व्यक्तिगत बैंक डिटेल्स या OTP नहीं मांगती। सतर्क रहें, अनजान कॉल/लिंक पर क्लिक न करें।