चिकित्सा व प्रशासनिक टीम ने रणनीति बना कोरोना वायरस को ही कर दिया लॉक, अजमेर जिले में 500 केस पर पुष्कर में मिला एक पॉजिटिव, वह भी अब स्वस्थ
चन्द्र प्रकाश जोशी
अजमेर. हर शहर और कस्बे कोरोना के संकट से गुजर रहे हैं, लेकिन तीर्थराज पुष्कर ने ऐसे माहौल में भी इतिहास रच दिया है। विदेशी सैलानियों की मौजूदगी के बावजूद यहां कोरोना पांव भी नहीं पसार सका। अजमेर जिले में अब तक करीब 500 कोरोना के मामले सामने आ चुके हैं लेकिन पुष्कर शहर में मात्र एक कोरोना पॉजिटिव मिला, वह भी अब स्वस्थ है। कोरोना की शुरूआत में करीब ढाई महीने तक तो पुष्कर में एक भी व्यक्ति संक्रमित नहीं हुआ। बाद में उपखंड क्षेत्र में 11 मामले और शहर में एक मामला सामने आया लेकिन कुशल रणनीति के कारण पुष्कर को जल्दी ही कोरोना मुक्त कर दिया गया। देश में कोरोना की आहट के तत्काल बाद पुष्कर पालिका क्षेत्र को छह जोन में बांटा गया। पहले जोन में वार्ड 1 से 4, दूसरे जोन में 5 से 8, तीसरे जोन में 9 से 12, चौथे जोन में 13 से 16 तक पांचवे जोन में 17 से 20 एवं छठे जोन में 21 से 25 वार्ड तक शामिल कर टीमों के माध्यम से घर-घर सर्वे और स्क्रीनिंग करवाई गई। पुष्कर के लिए बनाई गई यह रणनीति अन्य शहरों में भी कारगार साबित हो सकती है।
टीम में यह जुटे
उपखण्ड अधिकारी देविका तोमर के नेतृत्व में पालिका ईओ अभिषेक गहलोत, तहसीलदार पंकज बडग़ुर्जर, सीआई राजेश मीणा तथा चिकित्सा विभाग की ओर से सीएमएचओ डॉ. के.के. सोनी के निर्देशन में नोडल अधिकारी डॉ. रामलाल चौधरी, डॉ. आर.सी. गुप्ता चिकित्सकों, नर्सिंगकर्मियों की टीम के साथ जुटे।
करीब 150 होटलों में ठहरे थे 340 विदेशी पर्यटक
पुष्कर में करीब 150 होटलों में 340 विदेशी पर्यटक ठहरे हुए हैं। इन होटलों में प्रतिदिन स्क्रीनिंग, विदेशी पर्यटकों को होटलों में ही क्वॉरंटीन किया गया।
भविष्य की रणनीति
पुष्कर सीएचसी प्रभारी डॉ. गुप्ता के अनुसार विदेशी पर्यटक के पुष्कर आने पर रोक, विदेशी पर्यटकों की स्क्रीनिंग, सोशल डिस्टेंसिंग की पालना कराना, छहों जोन में सर्वे करवाकर स्क्रीनिंग, प्रवासी पहुंचने पर सैंपलिंग करवाने की रणनीति भविष्य में भी जारी रहेगी।