
पोकरण. पंचायतीराज चुनावों को लेकर पोकरण क्षेत्र में चुनावी गतिविधियां तेज हो गई हैं। क्षेत्र की चार पंचायत समितियों में 1,68,113 मतदाता वार्ड पंच, सरपंच और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव में मतदान करेंगे। इसके बाद निर्वाचित पंचायत समिति सदस्य प्रधान का चुनाव करेंगे। सीमावर्ती जैसलमेर जिले में पंचायतीराज चुनाव चौथे चरण में होंगे। चुनाव की लोकसूचना 31 अक्टूबर को जारी होगी। प्रशासन ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर तैयारियां शुरू कर दी हैं। चारों पंचायत समितियों में कुल महिला मतदाता 78,676 और पुरुष मतदाता 89,437 हैं। इस तरह कुल 1,68,113 मतदाता पंचायत चुनाव में अपने प्रतिनिधि चुनेंगे। पंचायत समिति सांकड़ा क्षेत्र की सबसे पुरानी पंचायत समितियों में शामिल है। पहले पोकरण विधानसभा क्षेत्र में एक ही पंचायत समिति थी और उसका मुख्यालय पोकरण में था। समय के साथ पंचायत समितियों की संख्या बढ़ी। हालिया पंचायतीराज परिसीमन में सांकड़ा पंचायत समिति का मुख्यालय पोकरण से हटाकर सांकड़ा गांव कर दिया गया है। ऐसे में इस बार सांकड़ा गांव में पंचायत समिति प्रधान का चुनाव पहली बार होगा।
-रामदेवरा पंचायत समिति में महिला 23,202, पुरुष 25,892 और कुल 49,094 मतदाता हैं।
-भणियाणा पंचायत समिति में महिला 16,407, पुरुष 18,286 और कुल 34,693 मतदाता हैं।
- राजमथाई पंचायत समिति में महिला 19,283, पुरुष 21,954 और कुल 41,237 मतदाता हैं।
-सांकड़ा पंचायत समिति में महिला 19,784, पुरुष 23,305 और कुल 43,089 मतदाता हैं।
पंचायतीराज परिसीमन के बाद क्षेत्र में अब चार पंचायत समितियां हो गई हैं। रामदेवरा और राजमथाई नई पंचायत समितियां हैं। रामदेवरा पंचायत समिति का मुख्यालय पोकरण और राजमथाई पंचायत समिति का मुख्यालय फलसूंड रखा गया है। दोनों समितियों में पहली बार पंचायत समिति सदस्य और प्रधान के चुनाव होंगे।
रामदेवरा पंचायत समिति में प्रधान पद सामान्य महिला के लिए आरक्षित है। भणियाणा और सांकड़ा में प्रधान पद सामान्य वर्ग के लिए रखा गया है। राजमथाई में प्रधान पद अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित है। चारों पंचायत समितियों में प्रधान पद का आरक्षण तय होने के बाद राजनीतिक समीकरण भी बनने लगे हैं।