-जिले की ड्रॉप आउट बालिकाओं को पुन: स्कूल से जोडऩे की कवायद
जैसलमेर. जिला कलक्टर डॉ. प्रतिभासिंह ने कहा कि हमारा प्रयास है कि जो ड्रॉपआउट बालिकाएं हैं, वे न्यूनतम हों और किसी कारणवश जिनका स्कूल छूट गया हैए उन्हें हम वापस स्कूल से जोड़ें। उनकी मंशा है कि जिले की बालिकाएं पढकऱ उच्च पदों पर पहुंचें। हालांकि जैसलमेर राज्य का सबसे बड़ा जिला है और यहां की विषम भौगोलिक परिस्थितयोंं की वजह से हमारी सामने कई समस्याएं हैं, लेकिन हमारा प्रयास रहेगा कि जिले की प्रत्येक बालिका स्कूल तक पहुंचे।
जिला कलक्टर डॉ. सिंह मंगलवार को जिले में ड्रॉप आउट बालिकाओं को पुन: विद्यालय से जोडऩे के लिए सुशासन के लिए नवाचार स्कूल पधारो जैसाणे री लाडली के जिला स्तरीय कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहीं थीं। जिला कलक्टर डॉ. सिंह ने कहा कि शिक्षा जीवन की पहली सीढ़ी है। सरकार की ओर से बालिकाओं को शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए भरपूर अवसर उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बेटियों को पढऩे दें और आगे बढऩे दें। उन्होंने छात्राओं का उत्साहवद्र्धन करते हुए कहा कि अपना एक लक्ष्य निर्धारित करें और फिर उसको पाने के लिए मनोयोग से प्रयत्न करें, वह लक्ष्य जरूर मिलेगा। उन्होंने कहा कि आज महिलाओं का स्वाभिमान के साथ जीने के लिए आर्थिक रूप से स्वावलम्बी होना बहुत जरूरी है। महिलाएं तभी स्वावलम्बी बन पाएंगी जबकि अभिभावक बेटियों को पढाएंगे। जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. शुभमंगला ने कहा कि अभिभावक बच्चों की पढ़ाई में बाधा न डालें और उन्हें पढऩे के लिए भेजें। उन्होंने कहा कि हम सभी का दायित्व है कि हम सभी अपने आस.पास के बच्चों को पढऩे के लिए प्रेरित करें।
कलक्टर के साथ सेल्फी लेकर उत्साहित बेटियां
कार्यक्रम में उपस्थित बालिकाओं में जिला कलक्टर डॉ. प्रतिभासिंह के साथ सेल्फी लेने का अलग ही उत्साह दिखाई दिया। बालिकाओं ने कहा कि हम बड़े होकर कलक्टर मैडम जैसा बनना चाहते हैं। कलक्टर ने भी उनका उत्साहवद्र्धन करते हुए कहा कि यह तभी बन पाओगे जबकि तुम अच्छी शिक्षा लोगे और पढ़ते रहोगे।
इससे पूर्व जिला कलक्टर और जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी द्वारा स्कूल प्रांगण में पौधारोपण भी किया गया। जिला कलक्टर द्वारा पुन: स्कूल से जुडऩे वाली ड्रॉप हाउट बालिकाओं और बोर्ड परीक्षाओं में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली बालक-बालिकाओं का सम्मान किया गया। इससे पूर्व नवप्रवेशी बालक.बालिकाओं का तिलक लगाकर माल्यार्पण कर स्वागत किया गया।
इनकी रही मौजूदगी
इससे पूर्व उप निदेशक महिला अधिकारिता अशोक कुमार ने कार्यक्रम की भूमिका रखी। इस दौरान मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी रामखिलाड़ी बैरवा, सहायक निदेशक शिक्षा विभाग प्रभुराम राठौड़, विकास अधिकारी सांकड़ा, गौतम चौधरी, तहसीलदार पोकरण बंटी राजपूत, सीडीपीओ पोकरण सोमेश्वर देवड़ा, विद्यालय के प्राचार्य दानाराम, स्वयंसेवी संस्था एक्शन एड के मगसिंह सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण और स्कूल के बच्चे उपस्थित थे।