-नई लाइन पर पहली बार दौड़ी मालगाड़ी-राजस्थान पत्रिका ने प्रमुखता से उठाया था मुद्दा
जैसलमेर. जिले के सोनू गांव से सीधे मालगाड़ी के जरिए लाइम स्टोन देश के विभिन्न हिस्सों में भेजने का सपना बुधवार को पूरा हो गया। सोनू से हमीरा तक बिछाई गई नई रेल लाइन पर पहली बार मालगाड़ी दौड़ी। इस मालगाड़ी में रखा लाइम स्टोन यहां से 1600 से ज्यादा किलोमीटर की दूरी पर स्थित छत्तीसगढ़ राज्य के भिलाई शहर जाएगा। नई लाइन पर मालगाड़ी को रवाना करने के मौके पर जैसलमेर रेलवे स्टेशन के अधिकारी और तकनीकी स्टाफ आदि मौजूद था।
रेलवे के जनसम्पर्क अधिकारी गोपाल शर्मा ने बताया कि पहली रैक को सोनू से आईआईएसडी भिलाई भेजा गया है। यह शाम करीब सवा छह बजे रवाना हुई। जिससे रेलवे को 1.२३ करोड़ का राजस्व मिलेगा। इसी तरह से दूसरी रैक झारखंड राज्य के बोकारो के लिए लोड की जा रही है। जिससे रेलवे को 1.30 करोड़ की कमाई होगी। गौरतलब है कि पूर्व में आरएसएमएमएल का लाइम स्टोन वहां से ट्रकों में लोड होकर जैसलमेर रेलवे स्टेशन पर पहुंचता था तथा यहां से बाहरी राज्यों के लिए मालगाडिय़ों में भरकर भेजा जाता। अब सोनू से हमीरा गांव तक नई रेल लाइन बिछ जाने के बाद संयंत्र से सोनू गांव तक ही ट्रकों में माल भरकर लाया जाएगा और वहां से सीधे गंतव्य स्थान के लिए भेज दिया जाएगा। इससे जैसलमेर रेलवे स्टेशन पर लाइन स्टोन के लगने वाले ढेर बीते जमाने की बात हो गए हैं तथा क्षेत्र में पर्यावरण प्रदूषण भी बंद हो जाएगा।
गत दिसंबर में पूरा हुआ था 400 करोड का प्रोजेक्ट
हमीरा-सोनू रेलवे लाइन का निर्माण कार्य गत दिसंबर २०१९ में ही पूरा हो गया था। रेलवे की उच्च स्तरीय टीम ने २7 दिसंबर के निरीक्षण में रेल लाइन को उपयुक्त पाया था। रेलवे के अधिशासी अभियंता उत्तर-पश्चिम रेलवे जैसलमेर एसएस गहलोत ने बताया कि सोनू स्टेशन से 58 डिब्बों के साथ पहली गाड़ी रवाना हुई। अब लाइन स्टोन की नियमित ढुलाई सोनू स्टेशन से की जाएगी। रेल को हरी झंडी उप मुख्य इंजीनियर उत्तर पश्चिम रेलवे जोधपुर बलदेवराम ने दिखाई। इस मौके पर आरएसएमएम के अधिकारी भी मौजूद थे।
रंग लाई पत्रिका की मुहिम
जैसलमेर रेलवे स्टेशन पर डस्ट पोल्युशन की समस्या को देखते हुए राजस्थान पत्रिका ने लगातार समाचारों का प्रकाशन किया गया। सिलसिलेवार समाचारों के प्रकाशन के बाद जिम्मेदार हरकत में आए और आखिरकार यह सुविधा शुरू की गई।