जैसलमेर के रामगढ़ मार्ग पर जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता कार्यालय को गुरुवार को न्यायालय के आदेश पर सीज करने की कार्रवाई से कार्यालय के अधिकारियों व कार्मिकों में अफरातफरी का माहौल बन गया।
जैसलमेर के रामगढ़ मार्ग पर जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता कार्यालय को गुरुवार को न्यायालय के आदेश पर सीज करने की कार्रवाई से कार्यालय के अधिकारियों व कार्मिकों में अफरातफरी का माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार वर्ष 2019 में जलदाय विभाग के पानी के टैंकर से हादसे में एक जने की मौत हो जाने पर उसके परिवार को मुआवजा नहीं दिए जाने पर ट्रिब्यूनल न्यायालय ने कुर्की करने का आदेश दिया था। कोर्ट के आदेश की पालना में गुरुवार को अधीक्षण अभियंता कैलाशचंद मीना और सहायक अभियंता व अन्य कार्मिकों की मौजूदगी में कार्यालय के फर्नीचर और कम्प्यूटर्स आदि को एक कमरे में रख कर उसे सील किया गया। एडवोकेट उम्मेदसिंह नरावत की निशानदेही पर प्रक्रिया पूरी की गई।
जानकारी के अनुसार 18 जनवरी, 2019 को विभाग के पानी के टैंकर से हुए हादसे में पोकरण क्षेत्र के झलारिया गांव निवासी बाइक सवार रावलसिंह की मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने मुआवजा दिलाने की मांग की। जिस पर गत 20 जुलाई को ट्रिब्यूनल कोर्ट ने 14 लाख 65 हजार 19 रुपए मय 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज के भुगतान का आदेश दिया। विभाग ने इसकी पालना नहीं की। जिस पर सम्पत्ति कुर्क करने के लिए आवेदन किया गया। जानकारी के अनुसार न्यायालय ने अधीक्षण अभियंता जैसलमेर कार्यालय पर कुर्की का वारंट जारी किया।