ओरण की लगाई परिक्रमा
बडोड़ा गांव. सांखला गांव में स्थित लोकदेवता हड़बूजी की प्राचीन ओरण की परिक्रमा का कार्यक्रम आयोजित किया गया। दो दशक पूर्व सांखला गांव के हड़बूजी की इस प्राचीन ओरण राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज नहीं है। इस ओरण से इंदिरा गांधी नहर परियोजना निकाल दी गई तथा मुरबे भी आवंटित कर दी गई। वर्ष 2003 से ग्रामीणों की ओर से मंदिर के पास बची ओरण को आरक्षित करने व अन्यंत्र जगह पर चारागाह आवंटित करने की मांग की जा रही है। वर्ष 2013 में कुछ जमीन चारागाह के लिए आरक्षित करने के आदेश उपनिवेशन विभाग की ओर से जारी किए गए थे, लेकिन अभी तक जिला प्रशासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। ओरण को राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज करवाकर उसका संरक्षण करने की मांग को लेकर रविवार को ओरण की परिक्रमा की गई। पर्यावरणप्रेमी व देगराय उष्ट्र संरक्षण व दुग्ध विपणन सेवा समिति के अध्यक्ष सुमेरसिंह सांवता, भोपालसिंह झलोड़ा, कुंदनसिंह मोकला, सांखला गंाव के हुकमसिंह, पूनमसिंह, मूलसिंह, हुकमसिंह, खेतसिंह, तनेरावसिंह, जितेन्द्रसिंह, जगन्नाथसिंह, स्वरूपसिंह, कूंपसिंह, चंद्रसिंह, झबरसिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों, पशुपालकों की ओर से परिक्रमा की गई।