पोकरण कस्बे में जोधपुर रोड पर स्थित- 132 केवी जीएसएस में गुरुवार देर शाम तेज आंधी के दौरान तारों में उठी चिंगारियां के कारण सूखी झाड़ियां में आग लग गई।
पोकरण कस्बे में जोधपुर रोड पर स्थित- 132 केवी जीएसएस में गुरुवार देर शाम तेज आंधी के दौरान तारों में उठी चिंगारियां के कारण सूखी झाड़ियां में आग लग गई। तेज हवा व आंधी के कारण आग ने विकराल रूप ले लिया। करीब आधे घंटे बाद आग काबू हो सकी। कस्बे में जोधपुर रोड पर विद्युत प्रसारण निगम का 132 केवी का जीएसएस स्थित है। यहीं से कस्बे के साथ आसपास क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति होती है। गुरुवार शाम कस्बे में तेज आंधी का दौर चला। इस दौरान करीब 7:30 बजे जीएसएस में लगे ट्रांसफार्मर और विद्युत तारों में चिंगारियां उठी, जिसके कारण ट्रांसफार्मर और तारों के नीचे लगी सूखी झाड़ियां ने आग पकड़ ली। तेज हवा एवं सूखी झाड़ियां के कारण देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और आग कि लपटें व धुंआ दूर तक दिखाई देने लगा। जिससे एकबारगी आसपास निवास कर रहे लोगों में हड़कंप मच गया।
जीएसएस में लगी भीषण आग की सूचना लोगों ने पुलिस और नगर पालिका की दमकल को दी। जिस पर पुलिस और दमकल तत्काल मौके पर पहुंच गई, लेकिन सुरक्षा कारणों के चलते विद्युत प्रसारण निगम के अधिकारियों ने दमकल और पुलिस को अंदर प्रवेश ही नहीं दिया। जिस पर वे जीएसएस के बाहर मुख्य गेट पर खड़े रहे।
सूखी झाड़ियों के कारण लगी भीषण आग के दौरान कस्बे सहित आसपास क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति को बंद कर दिया गया। इसके बाद कर्मचारियों ने फायर एक्सटेंशन से आग बुझाने का प्रयास किया। करीब आधे घंटे बाद झाड़ियां जलने पर आग काबू हो सकी। जिसके बाद ट्रांसफार्मर और लाइनों की जांच कर क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति सुचारू की गई।
जैसलमेर स्थित मुख्य डाकघर और इसी परिसर में आए पासपोर्ट कार्यालय को बम से उड़ाने की धमकी के बाद गुरुवार को खाली करवाया गया। पिछले दिनों के दौरान ऐसा तीसरी बार हुआ। बताया जाता है कि गुरुवार को प्रदेश भर के पासपोर्ट कार्यालयों को बम से उड़ाने की धमकी एक मेल के जरिए दी गई थी। इस आशय की जानकारी मिलने के बाद जैसलमेर के मुख्य डाकघर व पासपोर्ट कार्यालय में कार्यरत सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को बाहर निकाला गया और भवन को बंद कर दिया गया। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची। जानकारी के अनुसार तलाशी लिए जाने पर किसी तरह का विस्फोटक आदि नहीं मिला।