
जैसलमेर. पश्चिमी राजस्थान के औद्योगिक विकास के लिए शनिवार का दिन ऐतिहासिक बन गया। बालोतरा जिले के पचपदरा से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी का लोकार्पण किया। इस अवसर पर जैसलमेर जिला मुख्यालय स्थित उत्कर्ष जैन भवन में कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया, जहां जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों, युवाओं, समाजसेवियों और बड़ी संख्या में नागरिकों ने उत्साह के साथ कार्यक्रम देखा। इसी दौरान जिला स्तरीय मुख्यमंत्री रोजगार उत्सव भी आयोजित हुआ, जिसमें जिले के 476 चयनित युवाओं को सरकारी सेवा की सौगात मिली।
राजस्थान राज्य अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास आयोग के अध्यक्ष राजेन्द्र नायक ने कहा कि एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी केवल एक औद्योगिक परियोजना नहीं, बल्कि पश्चिमी राजस्थान की आर्थिक प्रगति की मजबूत आधारशिला है।इससे ऊर्जा सुरक्षा को मजबूती मिलेगी, निवेश बढ़ेगा, उद्योगों का विस्तार होगा तथा हजारों प्रत्यक्ष और लाखों अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि यह परियोजना जैसलमेर, बाड़मेर और बालोतरा सहित पूरे क्षेत्र की आर्थिक तस्वीर बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उन्होंने मुख्यमंत्री रोजगार उत्सव को युवाओं के सपनों को साकार करने वाला अभियान बताते हुए नवचयनित कार्मिकों से पूरी निष्ठा, पारदर्शिता और जनसेवा की भावना के साथ अपने दायित्व निभाने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री रोजगार उत्सव के दौरान जिले के विभिन्न विभागों में चयनित 476 युवाओं में से 18 अभ्यर्थियों को मंच पर सांकेतिक रूप से नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। इनमें जेठाराम, भादराराम, इमरान खान, रक्षा कुमारी, समीर, जितेन्द्र जांगिड़, रेंवताराम, हरिश प्रतापत, अजयपाल सिंह, संदीप कुमार, जितेन्द्र मीणा, अनिल कुमार, हिमांशुराज सोलंकी, क्षमा चौबे, प्रहलाद सिंह, मांगूसिंह, जसवन्त सिंह, मनोहर सिंह और गुरबच्चन सिंह शामिल रहे। नियुक्ति पत्र मिलने पर युवाओं और उनके परिजनों के चेहरे खुशी से खिल उठे।
कार्यक्रम में जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल, अतिरिक्त जिला कलक्टर परसराम सैनी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी रश्मि रानी, कोषाधिकारी देरावर सिंह, नगर परिषद आयुक्त लजपाल सिंह सोढ़ा, अधीक्षण अभियंता भैराराम चौधरी, सहायक निदेशक सूचना एवं जनसंपर्क प्रवीण प्रकाश चौहान, अधीक्षण अभियंता कैलाश चंद मीणा, उपनिदेशक अशोक गोयल, तहसीलदार राजेंद्र करण, पूर्व प्रधान मूलाराम चौधरी, चुतराराम प्रजापत, करुणा कंवर, कंवराज सिंह चौहान, अरुण पुरोहित, चंद्र प्रकाश शारदा, सुशील व्यास, मनोहर सिंह दामोदरा, भंवर सिंह साधना, तारेन्द्र सिंह भाटी, सवाई सिंह गोगली, सुरेन्द्र सिंह भाटी, उगाराम भील, गेमर सिंह, अजय सिंह राहड़, महेन्द्र सिंह तंवर सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी और नागरिक उपस्थित रहे।