- अल्पसंख्यक मामलात मंत्री ने जिला परिषद की बैठक में उठाया मुद्दा- जिला परिषद की साधारण बैठक संपन्न
जैसलमेर। जिला परिषद की साधारण बैठक में झोलाछाप चिकित्सकों का मसला गूंजा। बैठक में अल्पसं यक मामलात मंत्री शाले मोहम्मद ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेषकर नहरी इलाकों में झोलाछाप डॉक्टरों के गलत इलाज की वजह से मौत तक हो जाती है। ऐसे कई मामले सामने आए हैं। गंगानगर और हनुमानगढ़ क्षेत्र के लोग इंजेक्शन लगाना सीख कर अपनी क्लिनिक स्थापित कर लोगों का इलाज कर रहे हैं। केबिनेट मंत्री ने सीएमएचओ से कहा कि ऐसे लोगों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई करें। जिला प्रमुख प्रतापसिंह सोलंकी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक व विभागीय अधिकारी मौजूद थे। शाले मोहम्मद ने नहरी किसानों से सलाह मशविरा कर उनके लिए सिंचाई का पानी छोडऩे का निर्देश नहर विभाग के अभियंता को दिया। मंत्री ने कहा कि डैम में पानी कम है। फिर भी उपलब्ध पानी का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
ग्रामीणों को दिलाएं अधिकतम लाभ
मंत्री ने आगामी २ अक्टूबर से शुरू होने जा रहे प्रशासन गांवों के संग अभियान के संबंध में अधिकारियों से कहा कि वे ऐसी कार्ययोजना बनाएं जिससे अभियान का अधिकतम लाभ ग्रामीणों को मिल सके। राज्य सरकार ने अभियान के दौरान आमजन के काम करने के लिए नियमों में खासी रियायत दी है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में लगाए जा रहे प्री कै प में ज्यादा से ज्यादा प्रकरण तैयार किए जाएं ताकि अभियान में त्वरित गति से काम हो सके। जनप्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वे अभियान में बढ़-चढ़कर भागीदारी करते हुए लोगों को लाभ दिलवाएं। मंत्री ने कृषि कनेक्शन जारी करने में तेजी लाने, स्वीकृत जीएसएस निर्माण को तत्परता से करवाने के लिए डिस्कॉम के अधीक्षण अभियंता को निर्देशित किया। जिला जिला प्रमुख सोलंकी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्रीय समस्याओं की तरफ अधिकारियों को ध्यान आकृष्ट करवाया। इस अवसर पर अतिरिक्त कलक्टर हरिसिंह मीणा, जिलापरिषद के सीइओ नारायणसिंह चारण तथा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।