
जैसलमेर नगरपरिषद चुनाव के तहत नामांकन वापसी से एक दिन पहले ही चुनावी राजनीति जबर्दस्त ढंग से गरमाई हुई रही। नाम वापसी के लिए भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के दिग्गज नेता वार्डों में ताल ठोंक रहे अपने-अपने बागी प्रत्याशियों को मनाने में पूरी ताकत झोंकते नजर आ रहे हैं। चाय की चौपालों से लेकर बंद कमरों तक दिन-रात बैठकों का दौर जारी है। हालांकि, कड़े राजनीतिक मुकाबलों के बीच बागियों के अड़े रहने से दलीय प्रत्याशियों की मुश्किलें लगातार बढ़ती दिख रही हैं। कई वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवार अब इतने मजबूत स्थिति में आ खड़े हुए हैं कि वे पारंपरिक चुनावी गणित को पूरी तरह बिगाडऩे का माद्दा रखते हैं। दूसरी ओर बुधवार को शहर में चुनाव मैदान में डटे कई चर्चित चेहरों ने कुछ निर्दलीयों से नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी करवा कर सुकून की सांस ली है।
जैसलमेर के कई वार्डों में बागियों के कड़े रुख ने इस चुनाव को त्रिकोणीय और बहुकोणीय के साथ बेहद रोचक बना दिया है। कुछ जगहों पर पार्टी के अधिकृत प्रत्याशियों के खिलाफ मोर्चा खोलने वाले कार्यकर्ता किसी भी कीमत पर मैदान छोडऩे को तैयार नहीं दिख रहे हैं। वरिष्ठ नेताओं की मान-मनुहार और आश्वासन के बाद भी जब बागी प्रत्याशी पीछे हटने का नाम नहीं ले रहे हैं, तो इससे राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है। बागियों के इस जमीनी आधार और आक्रामक प्रचार के कारण कई सीटों पर मुख्य दलों के समीकरण पूरी तरह गड़बड़ा गए हैं। मतदाताओं के बीच इन बागियों की पकड़ मजबूत होने से अब परिणाम किस करवट बैठेगा, यह कहना मुश्किल हो गया है।
जैसलमेर. जैसलमेर नगरपरिषद चुनाव से पहले सत्ताधारी भाजपा को करारा झटका लगा है। शहर के वार्ड 23 से भाजपा की अधिकृत प्रत्याशी जया दैया ने बुधवार को रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय पहुंच कर नामांकन पत्र वापस लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया। जया के मैदान छोडऩे के चलते भाजपा की चुनौती अब 45 में से 44 वार्डों तक सिमट गई है। गौरतलब है कि वार्ड संख्या 23 से कांग्रेस ने लखमों को अपना उम्मीदवार बनाया है। वह पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष सुमार खां की पत्नी है। हालांकि लखमों के सामने 4 निर्दलीय प्रत्याशी मैदान में हैं। इनमें सुगना देवी, मदीना, नसीबा बानो और शुभानी खातून शामिल हैं। इससे पहले बुधवार को जब भाजपा प्रत्याशी जया दैया नामांकन वापस लेने के लिए रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय पहुंची तो एकबारगी सब हैरान रह गए। उनके नाम वापसी के बाद कयासों का दौर छिड़ गया है।