जैसलमेर

जैसाण की धड़कन है पर्यटन, इससे चलती है बाजारों की रौनक और घरों की रसोई

जैसलमेर का पर्यटन केवल होटल कारोबार नहीं, हजारों लोगों की आजीविका से जुड़ा आर्थिक तंत्र है। पर्यटक के हर पड़ाव पर टैक्सी चालक, गाइड, कारीगर, दुकानदार और लोक कलाकारों को कमाई का अवसर मिलता है। पर्यटन की असली ताकत पर्यटकों की संख्या में नहीं, बल्कि स्थानीय कारोबार तक पहुंचने वाली कमाई में छिपी है।
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Oct 19, 2026
kpjaisalmer tour story
जैसलमेर में शांति व सुकून के पल बिताते विदेशी सैलानी।

जैसलमेर. स्वर्णनगरी की पहचान उसके सोनार दुर्ग, ऐतिहासिक हवेलियों, सम के धोरों और लोक संस्कृति से है, लेकिन इस पहचान को आर्थिक ताकत देने वाले चेहरे अक्सर पर्यटन की चमक के पीछे छूट जाते हैं। पर्यटक होटल में ठहरता है, तो उसके खर्च की कहानी वहीं खत्म नहीं होती। स्टेशन से होटल तक टैक्सी, शहर भ्रमण के लिए गाइड, धोरों में ऊंट सफारी, लोक कलाकारों की प्रस्तुति, बाजार से हस्तशिल्प की खरीदारी और रेस्टोरेंट में भोजन तक उसकी यात्रा कई कारोबारों को कमाई का अवसर देती है। यही पर्यटन का असली जैसाण है—एक ऐसा स्थानीय आर्थिक तंत्र, जिसकी मजबूती हजारों लोगों की आजीविका से जुड़ी हो सकती है। पर्यटन को केवल होटल कारोबार या पर्यटकों की संख्या से मापने पर इसकी पूरी आर्थिक तस्वीर सामने नहीं आती। पर्यटक के हर पड़ाव पर अलग-अलग सेवाओं की जरूरत पैदा होती है। परिवहन से लेकर खानपान, स्थानीय भ्रमण, खरीदारी और सांस्कृतिक गतिविधियों तक खर्च का दायरा फैलता है। इससे होटल संचालकों के साथ छोटे दुकानदारों, वाहन चालकों, कारीगरों और सेवा प्रदाताओं को भी काम मिलता है।

यह आर्थिक शृंखला जितनी व्यापक होगी, स्थानीय कारोबारों तक पर्यटन की कमाई पहुंचने की संभावनाएं भी उतनी बढ़ेंगी। हालांकि, इसका वास्तविक आकार जानने के लिए कारोबारियों की बिक्री, रोजगार और पर्यटकों के खर्च से जुड़े आंकड़े जुटाना जरूरी है।

इन कारोबारों से चलती है पर्यटन की अर्थव्यवस्था

परिवहन: टैक्सी चालक, जीप संचालक और पर्यटकों को स्थानीय भ्रमण करवाने वाले वाहन चालक।

रेगिस्तानी पर्यटन: ऊंट संचालक, सफारी कर्मचारी और डेजर्ट कैंप से जुड़े श्रमिक।

लोक संस्कृति: मांगणियार-लंगा कलाकार, संगीतकार और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से जुड़े लोग।

स्थानीय बाजार: हस्तशिल्प कारीगर, स्मृति चिह्न विक्रेता और छोटी दुकानों के संचालक।

खानपान व सेवाएं: रेस्टोरेंट कर्मचारी, खाद्य सामग्री आपूर्तिकर्ता और अन्य सेवा प्रदाता।

स्थानीय कारोबार को मिले अधिक अवसर

पर्यटन अर्थव्यवस्था के अध्ययन में रोजगार, स्थानीय खरीद और छोटे कारोबारों की आय को महत्वपूर्ण संकेतक माना जाता है। स्थानीय उत्पादों, हस्तशिल्प, लोक संस्कृति और परिवहन सेवाओं को पर्यटन से बेहतर ढंग से जोड़ने पर आर्थिक लाभ का दायरा बढ़ सकता है।

- अनिल पंडित, पर्यटन विशेषज्ञ

Updated on:
19 Oct 2026 08:45 pm
Published on:
19 Oct 2026 08:45 pm