
जैसलमेर. पर्यटकों के भारी भीड़-भाड़ के बीच जैसलमेर में आवारा श्वानों ने शनिवार को आतंक का माहौल बना दिया। इन श्वानों ने एक ही दिन में करीब दो दर्जन लोगों को हाथ-पांवों पर काट कर जख्मी कर दिया। घायलों में बच्चों के साथ गुजराती सैलानी भी शामिल हैं। आवारा श्वानों का आतंक पर्यटकों के भ्रमण वाले पटवा हवेली और जैन भवन तक के मार्ग और मलका प्रोल क्षेत्र में खास तौर पर रहा। इसके अलावा कुछ जनों को गांधी कॉलोनी स्थित पुलिस चौकी के आसपास भी श्वानों ने घायल कर दिया। सभी घायलों को जवाहर चिकित्सालय ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें एंटी रेबीज इंजेक्शन और अन्य वैक्सीन लगाकर उनका उपचार किया। श्वानों के इस कदर आतंक मचाने से लोगों में रोष है।
इक्का-दुक्का ही आए पकड़ में
नगरपरिषद प्रषासन के पास इस संबंध में कई लोगों ने शिकायतें पहुंचाई, जिसके बाद श्वानों को पकडऩे के लिए दल भेजे गए। गांधी कॉलोनी क्षेत्र में इक्का-दुक्का श्वान पकड़े गए, लेकिन पटवा हवेली क्षेत्र में यह दल विफल रहा। गौरतलब है कि जैसलमेर शहर में आवारा श्वानों की समस्या को लेकर नगरपरिषद प्रशासन समय पर नहीं चेत पाया, जिसका दुखद परिणाम शनिवार को सामने आया। पूर्व में भी स्थानीय लोगों के साथ कई विदेशी सैलानियों को भी आवारा श्वानों ने घायल किया था। इसके बावजूद प्रशासन ने समस्या के समाधान के लिए कोई प्रयास नहीं किए। गत दिनों के दौरान शहर में ष्वानों की तादाद बेहद बढ़ गई है।
स्थायी समाधान का कर रहे प्रयास
जैसलमेर में आवारा श्वानों की विकट समस्या के स्थायी समाधान के लिए प्रयास किए जाएंगे। इसमें कुछ नियमों की जटिलता है, जिसके मुताबिक कदम उठाए जाएंगे।
-पवन कुमार, आयुक्त, नगरपरिषद, जैसलमेर