
जैसलमेर . जिले में मोकला ग्राम पंचायत के भादासर गांव में पेयजल संकट के कारण ग्रामीणों का जीवन दुभर हो गया है। यहां कई महीनों से पाइप लाइन के माध्यम से पानी नहीं पहुंच रहा। ऐसे में लोगों को विवश होकर सैकड़ों रुपए खर्च कर पानी के टैंकर मंगवा मवेशियों की प्यास बुझानी पड़ रही है। अधिकांश ग्रामीणों के लिए महंगे दाम पर टैंकर मंगवाला बूते की बात नहीं रहती। ऐसे में वे मवेशियों के साथ यहां-वहां भटकने पर मजबूर होते है। भादासर में स्थित जीएलआर देखभाल के अभाव में लगभग जर्जर हो चुकी है और पानी नहीं पहुंचने से पशुखेली पूरी तरह से सूखी है। यहां दिनभर गांव के पशु अपनी प्यास बुझाने के लिए पहुंचते हैं, लेकिन पानी नहीं होने से मायूस होकर लौटना पड़ता है। पशुखेली पूरी तरह से मिट्टी से भर गई है। पाइप लाइन में अवैध कनेक्शन किए जाने की जानकारी भी मिली है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों को इसकी कोई परवाह नहीं है।
कई मंत्रियों को बताई समस्या
मोकला पंचायत के उपसरपंच अमृतलाल ने इस संबंध में सरकार के अनेक मंत्रियों को पत्र लिखे हैं। उन्होंने प्रभारी मंत्री और क्षेत्रीय सांसद सहित अन्य मंत्रियों को लिखे पत्र में जल संकट की भय ावहता के बारे में अवगत करवाते हुए समस्या के तत्काल समाधान करवाकर ग्रामीणों को राहत पहुंचाने की मांग की है। इसी तरह से उपसरपंच ने बताया कि भादासर में गत 6-7 महीनों से एएनएम नियुक्त नहीं है। जिससे ग्रामीणों को छोटी-छोटी बीमारियों के उपचार के लिए भी जिला मुख्यालय जैसलमेर पहुंचना पड़ रहा है।
शिक्षक संघ अंबेडकर ने किया विरोध
जैसलमेर . राजस्थान शिक्षक संघ अम्बेडकर की बैठक रविवार को जिलाध्यक्ष सूजाराम इणखिया की अध्यक्षता में हुई। इसमें शिक्षकों ने हाल ही में जारी सरकारी आदेश काउंसलिंग से पद स्थापित शिक्षकों को योगकाल एवं यात्रा भत्ता नहीं चुकाने के आदेश का विरोध किया। प्रारम्भिक शिक्षा विभाग में 7वें वेतन आयोग में वेतन स्थरीकरण के लिए प्रत्येक ब्लॉक में लेखाधिकारी प्रतिनियुक्त करते हुए स्थरीकरण करने की मांग की। 2012 में नियुक्त शिक्षकों को बकाया एरियर राशि का भुगतान, प्राधानाचार्य प्रागाराम पर जानलेवा हमला करने वालों की गिरफ्तारी की मांग। आगामी 14 अपे्रल को डॉ. भीमराव अम्बेडकर जयंती समारोह आयोजन में सहयोग करने का निर्णय लिया। बैठक में जिला मंत्री अचलाराम गेंवा, प्रधानाचार्य प्रागाराम, व्याख्याता बुटाराम गेंवा, कांवराराम बाम्भणिया, शिवलाल इणखिया, केसराराम बारूपाल, गेमराराम, डॉ. बागाराम, किशनाराम पंवार, सुरेन्द्र देवपाल, आशाराम तंवर, प्रेमाराम काहला, तामलाराम, जीवनलाल, रेवन्ताराम, कुम्भाराम आदि उपस्थित रहे।