जालोर: कोड़ी रेलवे क्रॉसिंग पर बन रहा ओवरब्रिज लगभग तैयार हो गया है। अब छोटे वाहन ब्रिज से गुजरने लगे हैं, जिससे हर 25 मिनट में बंद होने वाले फाटक पर लगने वाले जाम और यात्रियों की परेशानी से राहत मिलेगी।
जालोर: भीनमाल-रानीवाड़ा रोड स्थित कोड़ी रेलवे क्रॉसिंग पर रेल व मालगाड़ियों की आवाजाही के दौरान अब वाहन चालकों को फाटक खुलने का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। रामसीन-भीनमाल-रानीवाड़ा मेगा हाइवे प्रोजेक्ट के तहत यहां रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज का निर्माण करीब-करीब पूरा हो गया है। अब छोटे वाहन ब्रिज के ऊपर से गुजरने शुरू हो गए है। ऐसे में फाटक बंद होने के दौरान वाहन चालकों व यात्रियों के समय की बचत हो रही है। खासकर लम्बी दूरी की यात्रा करने वाले वाहन चालकों खासी सहूलियत होगी।
यहां से रोजाना करीब दस हजार वाहन आवाजाही करते है। समदड़ी-भीलड़ी रेल खण्ड पर रोजाना 40 मालगाड़िया व रेलगाड़ियां गुजरती है। ऐसे में यह रेलवे क्रॉसिंग हर 25 मिनट के अंतराल में बंद होती है। ऐसे में वाहन चालकों व यात्रियों को काफी दिक्कत उठानी पड़ती है। सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कोडी ब्रिज का सेफ्टी प्रमाण-पत्र मिल है, चुका है, कुछ कार्य शेष रहा उसे भी शीघ्र पूरा करेंगे। वैसे वाहन ऊपर से गुजर रहे है।
भीनमाल-रानीवाड़ा रोड गुजरात व महाराष्ट्र को जोडने वाला मुख्य रोड है। यहां से अहमदाबाद, बदौड़ा, मुम्बई, सूरत, राजकोट, पालनपुर, मेहसाना, सांचौर, रानीवाड़ा, मण्डार व सुंधामाता के लिए बड़ी संख्या में वाहन गुजरते है। आरओबी के निर्माण से वाहन चालकों के साथ यात्रियों को सुविधा मिलेगी।
रामसीन-भीनमाल-रानीवाड़ा मेगा हाइवे प्रोजेक्ट भीनमाल स्थित रामसीन रोड रेलवे क्रॉसिंग पर आरओबी का निर्माण अधूरा पड़ा है। ब्रिज के लिए गर्डर पहुंच गए है। प्रोजेक्ट के अधिकारियों का कहना है कि गर्डर को लगाने के लिए रेलवे से यहां ब्लॉक मांगा गया है, ब्लॉक मिलने पर गर्डर लगाए जाएगे। यहां पर रेल व मालगाड़ियों की आवाजाही के दौरान वाहनों के पहिए थम जाते है। वाहन चालकों को फाटक खुलने का इंतजार करना पड़ता है। इस सबकी वजह से लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है।
कोड़ी रेलवे ब्रिज का कार्य करीब-करीब पूरा हो गया है। वहां पर सेफ्टी प्रमाण-पत्र जारी हो चुका है। पेंटिंग व लाइनिंग का कार्य शेष है, वह भी शीघ्र पूरा होगा। भीनमाल ऑवरब्रिज के लिए गर्डर पहुंच गए है। ब्लॉक मिलने पर गर्डर लांच होंगे। जून तक दोनों ब्रिज शुरू हो जाएंगे। जिससे लोगों आवाजाही में होने वाली परेशानी से राहत मिलेगी।
-केदार शर्मा, अधीक्षण अभियंता, सार्वजनिक निर्माण विभाग पीपीपी मोड़ जालोर