जांजगीर चंपा

30 दिन तक रोज 3 घंटे झाड़ू लगाएगा आरोपी, Drunk Driving पर जांजगीर-चांपा कोर्ट ने सुनाई अनोखी सजा

Drunk Driving Punishment: जांजगीर-चांपा में Drunk Driving पर कोर्ट का अनोखा फैसला। आरोपी पर 15 हजार रुपए जुर्माने के साथ 30 दिन तक रोज 3 घंटे सफाई करने की सजा सुनाई गई।
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Drunk Driving Case
Drunk Driving Case: 30 दिन तक रोज 3 घंटे झाड़ू लगाएगा आरोपी(photo-patrika)

Drunk Driving Case: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ जांजगीर में कोर्ट ने सख्त और अनोखा फैसला सुनाया है। ड्रंक एंड ड्राइव के मामले में दोषी पाए गए चालक पर 15 हजार रुपए का आर्थिक दंड लगाया गया है। इसके साथ ही उसे 30 दिनों तक सामुदायिक सेवा करने का आदेश दिया गया है। आरोपी को प्रतिदिन 3 घंटे यातायात शाखा और कोतवाली थाना जांजगीर परिसर में साफ-सफाई करनी होगी।

Janjgir Champa News: 30 दिन तक रोज 3 घंटे करनी होगी सफाई

जांजगीर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) न्यायालय ने आरोपी को शुक्रवार से लगातार 30 दिनों तक सामुदायिक सेवा करने का निर्देश दिया है। आदेश के तहत आरोपी को 28 सितंबर तक प्रतिदिन 3 घंटे यातायात शाखा और कोतवाली थाना परिसर में साफ-सफाई का काम करना होगा।

कोर्ट के इस फैसले का उद्देश्य सिर्फ आरोपी को दंडित करना नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा और लोगों में जागरूकता बढ़ाना भी है। शराब के नशे में वाहन चलाने से होने वाले सड़क हादसों को देखते हुए इस तरह की सामुदायिक सेवा को समाजोपयोगी संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।

पहले भी पकड़ा गया था आरोपी

यह मामला जांजगीर के सरखो गांव का है। यहां यातायात पुलिस ने विजय सूर्यवंशी को शराब के नशे में वाहन चलाते हुए पकड़ा था। पुलिस ने वाहन जब्त कर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया और उसे न्यायालय में पेश किया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी इससे पहले भी शराब के नशे में वाहन चलाते हुए पकड़ा जा चुका था। उस समय न्यायालय ने उस पर 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया था।

दोबारा गलती पर कोर्ट ने बढ़ाई सख्ती

पहले जुर्माना लगने के बावजूद आरोपी ने दोबारा वही गलती दोहराई। इसी को देखते हुए इस बार न्यायालय ने केवल आर्थिक दंड तक सीमित न रहते हुए 15 हजार रुपए के जुर्माने के साथ 30 दिन की सामुदायिक सेवा का आदेश दिया। इस दौरान आरोपी को रोजाना तीन घंटे थाना और यातायात शाखा परिसर में सफाई करनी होगी। कोर्ट के इस फैसले को सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति लोगों में जिम्मेदारी और जागरूकता बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

Drunk Driving करने वालों के लिए कड़ा संदेश

कोर्ट के इस फैसले से यह स्पष्ट संदेश देने की कोशिश की गई है कि शराब पीकर वाहन चलाना केवल यातायात नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि खुद और दूसरों की जान को खतरे में डालना है। 15 हजार रुपए के जुर्माने के साथ 30 दिनों की सामुदायिक सेवा का फैसला ऐसे वाहन चालकों के लिए चेतावनी है, जो बार-बार ड्रंक एंड ड्राइव की गलती करते हैं। न्यायालय ने सजा के जरिए आरोपी को सड़क सुरक्षा और जिम्मेदार नागरिक व्यवहार का सबक देने का प्रयास किया है।

Updated on:
29 Aug 2026 09:04 am
Published on:
29 Aug 2026 09:03 am