सरकारी भवनों की दुर्गती
जांजगीर-चांपा. जिले में सरकारी भवनों की दुर्गती इस कदर है कि अच्छे भले भवनों में लोग कब्जा करते जा रहे हैं इसके बाद भी संबंधित विभाग के साथ प्रशासन मौन है। जिला प्रशासन की देखादेखी के चलते अब लोगों में बेजाकब्जा करने की होड़ सी लग गई है। शहर के वार्ड नंबर 17 स्थित सामुदायिक भवन में टेंट व्यवसायी, तो छात्रावास भवन में मजदूरों ने कब्जा जमा हुआ है।
जिला मुख्यालय जांजगीर में कई ऐसे सरकारी भवन हैं, जिनकी हालत अच्छी है, लेकिन प्रशासनिक अनदेखी के चलते अनुपयोगी होकर रह गए हैं। ऐसे भवनों पर बेजाकब्जा की शिकायत सामने आ रही है। शहर के बीच कचहरी चौक के पास वार्ड नंबर 17 में बने सामुदायिक भवन पर पास के ही एक टेंट व्यवसायी ने कब्जा जमाया है। वार्डवासियों ने बताया कि इसकी शिकायत नगर पालिका व अन्य जिम्मेदारों से की गई है,
फिर भी कोई सुध लेने वाला कोई नहीं है। वार्डवासियों ने यह भी बताया कि सामुदायिक भवन को बने मात्र दो वर्ष हो रहे हैं और जब से निर्माण हुआ है, तब से भवन पर टेंट व्यवसायी का कब्जा है। व्यवसायी ने भवन में अपना सामान रखा है। इससे भवन का उपयोग वार्ड के लोग नहीं कर पा रहे हैं। लाखों की लागत से बना भवन वार्डवासियों के लिए अनुपयोगी होकर रह गया है।
पहले भी हो चुका है बेजाकब्जा
सामुदायिक भवन निर्माण के पहले भी इस स्थल पर सरकारी अधिकारी का आवास बना था। आवास जर्जर होने के बाद वार्डवासियों की पहल पर विधायक मद से सामुदायिक भवन की स्वीकृति मिली। वार्डवासियों ने बताया कि संबंधित टेंट व्यवसायी द्वारा पहले भी जर्जर भवन पर कब्जा किया गया था और वहां अपने बांस, बल्ली रखने के उपयोग में लिया जाता था। इसकी शिकायत पर भी कोई कार्रवाई नहीं होने से संबंधित का हौसला बुलंद है। लोगों में इस बात को लेकर काफी रोष भी है।
छात्रावास भवन पर मजदूरों का कब्जा
शहर के बाहर खोखराभांठा में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भवन के पास करीब 20 वर्ष पहले पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा छात्रावास भवन का निर्माण कराया गया था। उक्त भवन में तकनीकी समस्या बताते हुए संबंधित विभाग द्वारा हैंडओवर नहीं लिया गया। इसके बाद से धीरे-धीरे भवन के खिड़की, दरवाजों पर चोरों की नजर लगी और एक-एक कर खिड़की,
दरवाजे गायब होने लगे। पीडब्ल्यूडी विभाग भी इस भवन से सरोकार नहीं रख रहा है। इसके चलते भवन जर्जर होने लगा और यह भवन अनैतिक कार्यों का अड्डा बन गया है। कुछ समय से पास में ही केंद्रीय विद्यालय का निर्माण किया जा रहा है। इस निर्माण में लगे मजदूरों ने अब भवन पर कब्जा कर लिया है। इतना ही नहीं मजदूरों ने हुकिंग कर बिजली भी लगा ली है और बड़े ठाठ से रह रहे हैं। भवन की सुध लेने किसी के पास समय नहीं है।