
जौनपुर. जिले के बिगड़े कानून व्यवस्था को सुधारने के लिए किये जा रहे हर प्रयास निरर्थक साबित हो रहे हैं। पुलिस अपने आप में सुधार न लाने की कसम खाए बैठी है। जलालपुर थाने पर तैनात दो सिपाहियों के कारनामों का मामला प्रकाश में आया है।
क्षेत्र के ऊदपुर गांव में इन दिनों हरे पेड़ की कटाई जोरों पर चल रही है जहां से सोमवार की देर शाम ट्रैक्टर में लकड़ी लादकर बीबनमऊ गांव निवासी भगवान दास मौर्या जलालपुर आ रहा था कि जैसे ही वह जलालपुर पावर हाउस के पास पहुंचा तो थाने के दो सिपाहियों ने उसे रोक लिया और उससे पैसे की मांग करने लगे उसने जेब से सौ रूपये निकाल कर सिपाहियों को दे दिया , दोनों सिपाहियों ने उससे और सौ रूपये मांगने लगे तो उसने कहा कि बस इतना ही हर एक चक्कर का देता हूँ।
पैसा नही मिला तो नाराज सिपाहियों ने उसे वर्दी का रौब दिखाते हुए उसकी वही पिटाई करने लगे उसने भी सिपाहियों का हाथ पकड़ लिया। सिपाही गुस्से से लाल हो गये और उसे थाने लाकर पट्टो से उसका जमकर पिटाई करने के बाद उसे हवालात मे बंद कर दिया। सूचना मिलते ही कुछ देर बाद उस के परिजन सहित सैकड़ों ग्रामीण थाने पर आ गए और वहा मौजूद एस आई से सिपाहियों के विरूद्ध शिकायत करने के बाद कार्रवाई की मांग पर अड़ गये। मामला बढ़ता देख एस आई ने भगवान दास को उसके परिजनों के हवाले कर दिया। तब जाकर मामला किसी तरह शांत हुआ। लकड़ी से भरी ट्रेक्टर को छोड़ने तथा भगवान दास की पिटाई को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चा व्याप्त है।