Mother And 2 Child Burnt Alive: हादसे से कुछ देर पहले विवाहिता का पति से झगड़ा हुआ था। विवाहिता की शिकायत पर पुलिस उसके पति को पकड़कर थाने ले गई थी। इसके बाद विवाहिता और उसके बच्चे कमरे के अंदर जली हुई हालत में मिले।
Rajasthan News: झालावाड़ जिले के कामखेड़ा थाना इलाके के सरेड़ी गांव में गुरुवार देर रात एक विवाहिता और उसके दो मासूम बच्चों की संदिग्ध हालात में जलकर मौत हो गई। परिजनों ने घर में शॉट सर्किट से आग लगने के कारण दम घुटने से तीनों की मौत होना बताया।
हादसे से कुछ देर पहले विवाहिता का पति से झगड़ा हुआ था। विवाहिता की शिकायत पर पुलिस उसके पति को पकड़कर थाने ले गई थी। इसके बाद विवाहिता और उसके बच्चे कमरे के अंदर जली हुई हालत में मिले। पुलिस ने शुक्रवार को अकलेरा अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस अधीक्षक ऋचा तोमर ने बताया कि सरेड़ी गांव में अनिल साहू अपनी पत्नी रंजीता [35], बेटे स्वस्तिक [4] और बेटी सान्वी [2] के साथ रहता था। अनिल सब्जी बेचने कार्य करता है। दोनों पति-पत्नी के बीच आए दिन झगड़ा होता था। गुरुवार रात को भी दोनों के बीच झगड़ा हुआ। रंजीता ने इस बारे में पुलिस को शिकायत की तो पुलिस अनिल को रात को घर से लेकर थाने आ गई। देर रात करीब दो बजे रंजीता के कमरे के अंदर आग लगई। यह देखकर पास ही रहे उसके ससुर ने लोगों की मदद से कमरे का दरवाज तोड़ा तो अंदर रंजीता और उसके दोनों बच्चे जले मिले। उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस तीनों को लेकर अकलेरा अस्पताल आई, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया।
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रंजीता और उसके बच्चों की मौत किसी हादसे में हुई या आत्महत्या। पुलिस इसकी जांच कर रही है। ससुराल और पीहर पक्ष दोनों ही शॉट सर्किट के कारण कमरे में आग लगना बता रहे है। सूचना मिलने पर रंजीता के पिता घनश्याम साहू भी इंदौर से अकलेरा पहुंचे। उन्होंने भी इसे हादसा बताया। उन्होंने बेटी के आत्महत्या करने से इनकार किया। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि तीनों शवों का मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा। उधर शुक्रवार दोपहर बाद में गांव में तीनों मृतकों के शवों का एक ही चिता पर अंतिम संस्कार किया गया।
पुलिस के अनुसार अनिल और रंजीता की शादी 2017 में हुई थी। वह गांव में ही अपने ससुरालवालों से अलग मकान में रहती थी। यह मकान कवेलूपोश और कच्चा है। अनिल गांव में घूम-घूमकर सब्जी बेचा करता था।